Sunday, August 2, 2026
Homeराज्यदिल्लीदिल्ली में बंदरों को भगाने के लिए लोगों की भर्ती: लंगूर...

दिल्ली में बंदरों को भगाने के लिए लोगों की भर्ती: लंगूर की आवाज निकालेंगे; विधानसभा के बाहर 8 घंटे की शिफ्ट में करना होगा काम


नई दिल्ली3 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

प्रशासन के अनुसार, दिल्ली विधानसभा के बाहर बंदर अक्सर तारों और डिश एंटीना पर कूदते हैं और उन्हें तोड़ देते हैं।

दिल्ली विधानसभा परिसर में बंदरों के बार-बार घुसने और उत्पात मचाने की समस्या से निपटने के लिए विधानसभा प्रशासन ने नई तरकीब निकाली है। बंदरों को भगाने के लिए लंगूर की आवाज की नकल करने वाले लोगों को तैनात करने की योजना बनाई गई है।

लोक निर्माण विभाग (PWD) ने लंगूरों की आवाज निकालने वाले लोगों की हायरिंग के लिए टेंडर भी निकाल दिया है। अधिकारियों के मुताबिक, पहले उनके पास लंगूर की नकल करने वाले लोग थे, लेकिन उनका कांट्रेक्ट खत्म हो गया है।

अब प्रशासन वर्किंग डे और शनिवार को प्रशिक्षित कर्मियों को तैनात करने की योजना बना रहा है, जिनमें से हर कर्मी 8 घंटे की शिफ्ट में काम करेगा। ये कर्मी लंगूर की आवाज की नकल कर बंदरों को भगाएंगे। विशेषज्ञ अपने साथ एक लंगूर भी लाएगा।

अधिकारियों ने बताया कि विधानसभा के आसपास दर्जनों बंदर मौजूद रहते हैं। ये अक्सर तारों और डिश एंटीना पर कूदते हैं और उन्हें तोड़ देते हैं। बंदरों से दिल्ली विधानसभा में मंत्रियों, विधायकों और अधिकारियों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बनी रहती है।

दिल्ली में 2023 में आयोजित जी-20 समिट के दौरान बंदरों की समस्या से निपटने के लिए जगह-जगह लंगूर के कटआउट लगाए गए थे।

दिल्ली में 2023 में आयोजित जी-20 समिट के दौरान बंदरों की समस्या से निपटने के लिए जगह-जगह लंगूर के कटआउट लगाए गए थे।

लंगूर के पुतलों से डरना बंद कर चुके हैं बंदर

एक अधिकारी ने बताया कि पहले विधानसभा परिसर में लंगूर के पुतले लगाने की भी योजना थी, लेकिन बंदर उनसे डरना बंद कर चुके हैं। बल्कि वे उन पुतलों के ऊपर बैठ जाते हैं। इसलिए बंदरों को भगाने के लिए लोगों की भर्ती की योजना बनाई गई है।

यह तरीका प्रभावी और मानवीय माना जाता है, क्योंकि इसमें बंदरों को नुकसान नहीं पहुंचाया जाता। इस दौरान कर्मी पर उचित उपकरण, अनुशासन और सुरक्षा मानदंडों के अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए भी जिम्मेदार होगी। कर्मियों के लिए निगरानी और बीमा कवरेज की व्यवस्था भी होगी।

2017 में कार्यवाही के दौरान बंदर सदन में घुसा था

साल 2017 में दिल्ली विधानसभा की कार्यवाही के दौरान एक बंदर अचानक सदन के भीतर घुस आया था। उस समय सदन में सरकारी स्कूलों में गेस्ट टीचर्स से जुड़े मुद्दे पर चर्चा चल रही थी। बंदर के अचानक सदन के अंदर आ जाने अफरा-तफरी मच गई और कार्यवाही कुछ समय के लिए रोकनी पड़ी थी।

सुरक्षाकर्मियों और कर्मचारियों को बंदर को बाहर निकालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी थी। बाद में बंदर को सुरक्षित तरीके से परिसर से बाहर निकाला गया, जिसके बाद चर्चा दोबारा शुरू हो सकी। तभी से परिसर में बंदरों के प्रवेश को रोकने के लिए विभिन्न उपायों पर विचार किया जाता रहा है।

खबरें और भी हैं…



Source link

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments