Thursday, January 15, 2026
Homeलाइफस्टाइलधरतेरस के दिन नहीं खरीद सकते सोना या चांदी, तो इन 5...

धरतेरस के दिन नहीं खरीद सकते सोना या चांदी, तो इन 5 उपाय से भी होगा धन लाभ!


हिंदू धर्म में धनतेरस का त्योहार का विशेष महत्व है. यह पर्व हर साल कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को मनाया जाता है, जो इस बार 18 अक्टूबर 2025 को है. इस दिन विशेष रूप से सोना या चांदी खरीदने से घर-परिवार में सुख, समृद्धि और ऐश्वर्य का आगमन होता है, मगर कोई व्यक्ति इस दिन सोना या चांदी नहीं खरीद पाता तो वे कई अन्य चीजें भी खरीद सकता है. जिसे शास्त्रों में शुभ माना गया है.

धनतेरस पर पीतल के बर्तन खरीदने की परंपरा पुरानी है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पीतल को भगवान धन्वंतरि की धातु माना गया है. ऐसा करने से घर में स्वास्थ्य, सौभाग्य और धन में वृद्धि होती है. माना जाता है कि पीतल खरीदने से तेरह गुना लाभ प्राप्त होता है और परिवार में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है.

धनतेरस पर पीतल के बर्तन खरीदने की परंपरा पुरानी है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पीतल को भगवान धन्वंतरि की धातु माना गया है. ऐसा करने से घर में स्वास्थ्य, सौभाग्य और धन में वृद्धि होती है. माना जाता है कि पीतल खरीदने से तेरह गुना लाभ प्राप्त होता है और परिवार में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है.

इस शुभ दिन पर नया झाड़ू लाना भी बेहद मंगलकारी माना जाता है. झाड़ू को मां लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है, इसलिए इसे खरीदने से घर की नकारात्मकता दूर होती है. धनतेरस पर लाए गए झाड़ू की पहले पूजा की जाती है और फिर इसका प्रयोग घर में किया जाता है, ताकि मां लक्ष्मी का स्थायी वास बना रहे.

इस शुभ दिन पर नया झाड़ू लाना भी बेहद मंगलकारी माना जाता है. झाड़ू को मां लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है, इसलिए इसे खरीदने से घर की नकारात्मकता दूर होती है. धनतेरस पर लाए गए झाड़ू की पहले पूजा की जाती है और फिर इसका प्रयोग घर में किया जाता है, ताकि मां लक्ष्मी का स्थायी वास बना रहे.

धनतेरस पर धनिया खरीदने की परंपरा भी खास महत्व रखती है. धनिया के बीज को मां लक्ष्मी को अर्पित करने के बाद तिजोरी या धन रखने की जगह पर रखा जाता है. ऐसा करने से घर में समृद्धि आती है और आर्थिक स्थिति मजबूत होती है. यह बीज केवल धन का प्रतीक ही नहीं, बल्कि शुभ ऊर्जा का वाहक भी माना जाता है.

धनतेरस पर धनिया खरीदने की परंपरा भी खास महत्व रखती है. धनिया के बीज को मां लक्ष्मी को अर्पित करने के बाद तिजोरी या धन रखने की जगह पर रखा जाता है. ऐसा करने से घर में समृद्धि आती है और आर्थिक स्थिति मजबूत होती है. यह बीज केवल धन का प्रतीक ही नहीं, बल्कि शुभ ऊर्जा का वाहक भी माना जाता है.

गोमती चक्र को पवित्र और चमत्कारी वस्तु माना गया है. धनतेरस के दिन 11 गोमती चक्र खरीदकर उन्हें लाल कपड़े में बांधकर तिजोरी में रखना शुभ माना गया है. ऐसा करने से धन की कमी दूर होती है और घर की आर्थिक स्थिति भी अच्छी होती है. यह उपाय विशेष रूप से व्यापारियों के लिए लाभकारी माना गया है.

गोमती चक्र को पवित्र और चमत्कारी वस्तु माना गया है. धनतेरस के दिन 11 गोमती चक्र खरीदकर उन्हें लाल कपड़े में बांधकर तिजोरी में रखना शुभ माना गया है. ऐसा करने से धन की कमी दूर होती है और घर की आर्थिक स्थिति भी अच्छी होती है. यह उपाय विशेष रूप से व्यापारियों के लिए लाभकारी माना गया है.

पीली कौड़ी मां लक्ष्मी से जुड़ा माना जाता है. धनतेरस पर इसे हल्दी में रंग कर या पहले से रंगी हुई खरीदकर दीवाली की रात पूजा में शामिल किया जाता है. इसके बाद इसे तिजोरी में रखने से धन का प्रवाह बना रहता है. यह छोटा-सा उपाय परिवार में समृद्धि और खुशहाली लाने के लिए बेहद प्रभावी माना गया है.

पीली कौड़ी मां लक्ष्मी से जुड़ा माना जाता है. धनतेरस पर इसे हल्दी में रंग कर या पहले से रंगी हुई खरीदकर दीवाली की रात पूजा में शामिल किया जाता है. इसके बाद इसे तिजोरी में रखने से धन का प्रवाह बना रहता है. यह छोटा-सा उपाय परिवार में समृद्धि और खुशहाली लाने के लिए बेहद प्रभावी माना गया है.

Published at : 07 Oct 2025 05:00 AM (IST)



Source link

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments