काले कपड़े पहनकर बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के विरोध में शनिवार, 27 दिसंबर को इंदौर में विशाल जन आक्रोश रैली निकाली गई।
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बड़ा गणपति से राजबाड़ा तक निकली इस रैली में 15 हजार से अधिक लोग काले कपड़े पहनकर शामिल हुए। हाथों में भगवा और तिरंगे ध्वज, तख्तियां और बैनर लेकर लोगों ने बांग्लादेश की कट्टरपंथी युनूस सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
रैली का आयोजन पूर्व विधायक आकाश विजयवर्गीय के नेतृत्व में किया गया। उन्होंने बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हो रही हिंसा और अराजकता की कड़े शब्दों में निंदा की।
हर बांग्लादेशी घुसपैठिये को इंदौर से बाहर करेंगे पूर्व विधायक आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि इस जन आक्रोश रैली के माध्यम से संकल्प लिया गया है कि इंदौर से एक-एक बांग्लादेशी घुसपैठिये को बाहर किया जाएगा। इसके लिए जरूरत पड़ी तो घर-घर जाकर आईडी जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार अब असहनीय हैं।
युनूस से नोबेल पुरस्कार वापस लेने की मांग आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि 25 दिसंबर को इस रैली को निकालने का निर्णय लिया गया था और कम समय में इतनी बड़ी संख्या में लोगों का एकत्र होना संगठन की एकता का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि भारत में सभी धर्मों के लोग प्रेमभाव से रहते हैं, लेकिन बांग्लादेश में हिंदुओं पर बर्बरता की सारी हदें पार कर दी गई हैं।
उन्होंने कहा कि बांग्लादेश के वर्तमान प्रमुख मो. युनूस को शांति का नोबेल पुरस्कार मिला है, लेकिन इस तरह की आतंकी सोच रखने वाले व्यक्ति से यह पुरस्कार वापस लिया जाना चाहिए। उन्होंने स्वीडन की नोबेल कमेटी और विश्व समुदाय से इसकी अपील की।
राहुल-प्रियंका पर साधा निशाना आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी फिलिस्तीन के समर्थन में संसद पहुंचे, लेकिन बांग्लादेश के पीड़ित हिंदुओं के समर्थन में एक भी कांग्रेसी सड़कों पर नहीं उतरा। उन्होंने कहा कि धारा 370 और रामसेतु का विरोध करने वालों के पास हिंदुओं की पीड़ा सुनने का समय नहीं है। उन्होंने जातिवाद को देश की कमजोरी बताते हुए सभी से एकजुट होने का आह्वान किया और नारा दिया कि हम सब एक हैं।
संतों ने की एकजुट होने की अपील रैली को संबोधित करते हुए पवनदासजी महाराज ने कहा कि बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार निंदनीय हैं और यह धैर्य की परीक्षा है। उन्होंने कहा कि भारत बांग्लादेश को कुचलने में सक्षम है।राधे-राधे महाराज ने कहा कि हिंदुओं को अपने ऊपर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ जागृत होना होगा। उन्होंने अवैध बांग्लादेशी घुसपैठ को देश के संतुलन के लिए खतरा बताया और सभी से एकजुट होने की अपील की।
रैली में दिखा देशभक्ति का जोश बड़ा गणपति से निकली जन आक्रोश रैली राजबाड़ा पहुंची, जहां इसका समापन किया गया। रैली में संतजन विंटेज कार में सवार नजर आए।
गन्नू महाराज अपने साथियों के साथ देशभक्ति गीत गाते हुए चल रहे थे। लोगों ने देशभक्ति की झांकियां प्रस्तुत कीं और डीजे पर देशभक्ति गीत गूंजते रहे।राजबाड़ा पर बांग्लादेश के राष्ट्रपति मो. युनूस के पुतले का दहन कर रैली का समापन किया गया।

