Tuesday, July 21, 2026
Homeएजुकेशनभारतीय ज्ञान परंपरा से ग्लोबल करियर तक; डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय...

भारतीय ज्ञान परंपरा से ग्लोबल करियर तक; डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय की नई उड़ान


बिलासपुर: छत्तीसगढ़ का पहला निजी विश्वविद्यालय और NAAC से ‘A’ ग्रेड प्राप्त करने वाला डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय (CVRU) शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर चुका है। विश्वविद्यालय विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण, कौशल-आधारित और इंडस्ट्री-ओरिएंटेड शिक्षा प्रदान करने के साथ उन्हें रोजगार और स्वरोजगार दोनों के लिए तैयार कर रहा है। आधुनिक तकनीक, शोध, नवाचार और भारतीय ज्ञान परंपरा के समन्वय के साथ यह विश्वविद्यालय प्रदेश ही नहीं, बल्कि देशभर के विद्यार्थियों के लिए शिक्षा का प्रमुख केंद्र बनकर उभरा है।

आदिवासी अंचल में शिक्षा की नई क्रांति

कोटा-बिलासपुर के अनुसूचित जाति, जनजाति एवं आदिवासी बहुल क्षेत्र में स्थापित विश्वविद्यालय शिक्षा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के उद्देश्य से कार्य कर रहा है। यहां भारतीय ज्ञान परंपरा को शिक्षा का अभिन्न हिस्सा बनाया गया है। साथ ही जनजातीय समुदायों के पारंपरिक ज्ञान के संरक्षण और संवर्धन के लिए भी विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।

Image Source : INDIA TVडॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय

इंजीनियरिंग से लेकर रिसर्च तक, हर क्षेत्र में अवसर

विश्वविद्यालय में इंजीनियरिंग, सूचना प्रौद्योगिकी, प्रबंधन, विज्ञान, वाणिज्य, कला, शिक्षा, विधि, फार्मेसी, शारीरिक शिक्षा, संगीत, लाइब्रेरी साइंस और ग्रामीण विकास सहित अनेक विषयों में स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा और पीएचडी कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं।

इंजीनियरिंग में मैकेनिकल, सिविल, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन तथा कंप्यूटर साइंस जैसे प्रमुख पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। वहीं एम.टेक., बीसीए, एमएससी (आईटी), एमबीए, बीकॉम, एमकॉम, बीए, एमए, बीएड, एमएड, एलएलबी, एलएलएम, बीएससी, एमएससी, बीफार्मा, एमफार्मा और पीएचडी जैसे कोर्स भी विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध हैं।

नई शिक्षा नीति के अनुरूप तैयार है पाठ्यक्रम

विश्वविद्यालय के सभी पाठ्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP-2020) के अनुरूप तैयार किए गए हैं। विद्यार्थियों को तकनीकी दक्षता के साथ-साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाता है। क्षेत्रीय भाषाओं के अलावा विदेशी भाषाओं के सर्टिफिकेट कोर्स भी उपलब्ध हैं, जिससे छात्र वैश्विक रोजगार के अवसरों के लिए तैयार हो सकें।

वाइस चांसलर प्रदीप कुमार घोष

Image Source : INDIA TVवाइस चांसलर प्रदीप कुमार घोष

स्टार्टअप और इनोवेशन को मिल रहा मजबूत मंच

विश्वविद्यालय में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (DST) के सहयोग से AIC-CVRU स्थापित किया गया है, जहां विद्यार्थियों को स्टार्टअप शुरू करने और उसे विकसित करने के लिए हर स्तर पर सहयोग मिलता है। यहां अनुभवी मेंटर्स का मार्गदर्शन, शुरुआती फंडिंग सहायता, अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं, वर्कशॉप, बूट कैंप, इनोवेशन कार्यक्रम, निवेशकों से संपर्क, बिजनेस नेटवर्किंग और कानूनी व तकनीकी सहायता जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं, जिससे उनके आइडिया सफल उद्यम में बदल सकें।

आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और इंडस्ट्री एक्सपोजर

विश्वविद्यालय में अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं, रिसर्च सेंटर और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किए गए हैं। अनुभवी फैकल्टी और उद्योग विशेषज्ञ विद्यार्थियों को प्रैक्टिकल नॉलेज, रिसर्च स्किल्स और प्रोफेशनल ट्रेनिंग प्रदान करते हैं, जिससे वे उद्योग की वर्तमान आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार हो सकें।

विश्वविद्यालय की छात्राएं।

Image Source : INDIA TVविश्वविद्यालय की छात्राएं।

प्लेसमेंट में शानदार रिकॉर्ड

डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय रोजगार और करियर विकास को अपनी प्रमुख प्राथमिकताओं में शामिल करता है। विश्वविद्यालय के कैंपस में नियमित रूप से राष्ट्रीय और बहुराष्ट्रीय कंपनियां प्लेसमेंट के लिए पहुंचती हैं। यहां विद्यार्थियों को 50 लाख रुपये प्रति वर्ष तक का उच्चतम पैकेज प्राप्त हो चुका है। TCS, McCain Foods, Exide Industries, Xebia, HDFC Bank, ICICI Bank सहित कई प्रतिष्ठित कंपनियां यहां से प्रतिभाओं का चयन कर चुकी हैं। करियर डेवलपमेंट सेल विद्यार्थियों के लिए नियमित रूप से इंडस्ट्री इंटरैक्शन, सेमिनार, वर्कशॉप और करियर गाइडेंस कार्यक्रम आयोजित करता है।

मेधावी और जरूरतमंद स्टूडेंट्स के लिए स्कॉलरशिप

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. प्रदीप कुमार घोष और कुल सचिव डॉ. अरविंद कुमार तिवारी के अनुसार, मेधावी, जरूरतमंद और सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों के लिए विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाएं संचालित की जा रही हैं, ताकि कोई भी छात्र आर्थिक कारणों से शिक्षा से वंचित न रहे।

14 उत्कृष्टता केंद्र बना रहे हैं भविष्य के लीडर्स

विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय में 14 उत्कृष्टता केंद्र (Centres of Excellence) स्थापित किए गए हैं। इन केंद्रों के माध्यम से कौशल विकास, अनुसंधान, नवाचार, नेतृत्व क्षमता और व्यक्तित्व निर्माण पर विशेष ध्यान दिया जाता है। यहां विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकी दक्षता, व्यावहारिक अनुभव और रचनात्मक सोच विकसित करने का अवसर मिलता है, जिससे वे राष्ट्र निर्माण में प्रभावी भूमिका निभाने के लिए तैयार हो सकें।





Source link

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments