आपको बता दें कि सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन यानी CBSE का वो पोर्टल, जहां से 12वीं कक्षा के आंसर शीट की स्कैन की हुई कॉपी के लिए अप्लाई किया जा सकता है, अब चालू हो गया है। इसके संबंध में CBSE ने X पर एक पोस्ट डाला है और उसमें इसकी जानकारी दी है। आपको बता दें कि उस पोस्ट में छात्रों को यह सलाह दी गई है कि कभी-कभी ज्यादा रिक्वेस्ट आने की वजह से प्रोसेस में थोड़ी देर हो सकती है, विशेषतौर पर पेमेंट स्टेटस अपडेट होने में ऐसा हो सकता है। CBSE ने छात्रों से बार-बार अप्लाई करने से बचना चाहिए।
अभिभावकों ने शिकायत की थी
आपको बता दें कि इससे पहले जिन छात्रों और अभिभावकों ने आंसर शीट की स्कैन की हुई कॉपी पाने के लिए अप्लाई किया था, उन्हें टेक्निकल दिक्कतों का सामना करना पड़ा था और इस कारण उन्होंने इसकी शिकायत भी की थी। अब एक बार फिर से पोर्टल को एक्टिव किया गया है। छात्र अब अपनी एप्लीकेशन CBSE की ऑफिशियल वेबसाइट cbse.gov.in पर जमा कर सकते हैं। जान लीजिए कि आंसर शीट की स्कैन की हुई कॉपी के लिए अप्लाई करने की आखिरी तारीख 23 मई है।
छात्रों को खुद करना होगा अप्लाई
आप यह भी जान लीजिए कि जो छात्र “चेक की हुई आंसर शीट” की स्कैन की हुई कॉपी चाहते हैं, उन्हें खुद ही एप्लीकेशन जमा करनी होगी और अप्लाई करने वाले छात्रों को उनके लॉगिन में आंसर शीट की स्कैन की हुई कॉपी दी जाएगी, जहां से वे उसे डाउनलोड कर सकते हैं।
पहले आओ-पहले पाओ
आंसर शीट के लिए बड़ी संख्या में छात्र अप्लाई कर सकते हैं और इसी कारण पहले आओ-पहले पाओ का नियम लगाया गया है और इसी हिसाब से कॉपी देने की कोशिश की जाएगी। इसका मतलब है कि अगर किसी छात्र ने अप्लाई करने की पहली तारीख को ही अप्लाई कर दिया है, तो उसे स्कैन की हुई कॉपी सबसे पहले मिलेगी और इसी क्रम में बाकी छात्रों को भी मिलेगी।
आंसर शीट की स्कैन की हुई कॉपी के लिए अप्लाई करते समय कोई भी छात्र एक या ज़्यादा सब्जेक्ट के लिए अप्लाई कर सकता है। हालांकि, एप्लीकेशन एक ही बार में पूरी जमा करनी होगी।
री-इवैल्यूएशन/वेरिफिकेशन प्रोसेस के लिए भी अप्लाई कर सकते हैं
अगर कोई छात्र किसी खास सब्जेक्ट में मिले नंबरों को चुनौती देना चाहता है तो CBSE के नियमों के अनुसार, उसे री-इवैल्यूएशन यानी दोबारा जांच के अगले स्टेप्स के लिए अप्लाई करना पड़ सकता है। बता दें कि री-इवैल्यूएशन या आंसर शीट में पाई गई गलतियों के वेरिफिकेशन के लिए सिर्फ़ वही छात्र अप्लाई कर सकते हैं, जिन्होंने आंसर शीट की फ़ोटोकॉपी के लिए अप्लाई किया था। आवेदक को संबंधित विषय की मार्किंग स्कीम देखनी होगी, जो प्रश्न पत्र के साथ वेबसाइट पर उपलब्ध होगी। यह भी बता दें कि रिक्वेस्ट का स्टेटस अपलोड किया जाएगा और वो कैंडिडेट के लॉगिन डिटेल्स पर उपलब्ध होगा। एक भी नंबर कम होने पर उसे लागू किया जाएगा।
री-इवैल्यूएशन का नतीजा फाइनल होगा और री-इवैल्यूएशन के खिलाफ कोई अपील या रिव्यू स्वीकार नहीं किया जाएगा। CBSE के अनुसार, बोर्ड द्वारा दिए गए नंबर फाइनल होंगे और कैंडिडेट पर बाध्यकारी होंगे। CBSE री-इवैल्यूएशन/वेरिफिकेशन प्रक्रिया के बारे में ज़्यादा जानकारी के लिए, कृपया ऑफिशियल वेबसाइट cbse.gov.in पर जाएं।
ये भी पढ़ें-
12256 पदों पर सरकारी नौकरी का बड़ा मौका! SSC CGL 2026 रजिस्ट्रेशन शुरू, जानिए पूरी डिटेल

