Palamu Sonu Farming Story: डिग्री हाथ में आते ही जहां युवा बड़े शहरों की ओर नौकरी के लिए भागते हैं. वहीं पलामू के खामडीह निवासी सोनू कुमार गुप्ता ने खेती को ही अपना फुल-टाइम करियर बना लिया. साल 2018 में ग्रेजुएशन पूरी करने के बाद सोनू ने नौकरी की अंधी दौड़ में शामिल होने के बजाय सब्जी उत्पादन का रुख किया, जिसने आज उनके परिवार की किस्मत बदल दी है. पहले उनका परिवार पारंपरिक रूप से सिर्फ धान-गेहूं उगाता था. जिसमें अपेक्षित लाभ नहीं मिल रहा था. सोनू ने इस ढर्रे को बदला और करीब डेढ़ एकड़ भूमि पर करैला, नेनुआ, झिंगी, कद्दू और खीरा जैसी मौसमी सब्जियों की खेती शुरू की. आज वे तमाम लागत निकालकर सालाना 3 से 4 लाख रुपये का शुद्ध मुनाफा कमा रहे हैं. अब सोनू का अगला लक्ष्य ‘ट्रिपल लेयर’ (मल्टीलेयर) फार्मिंग जैसे आधुनिक वैज्ञानिक मॉडल को अपनाना है, ताकि एक ही जमीन से तीन गुना उत्पादन लिया जा सके. हालांकि, पलामू में बिजली संकट के कारण सिंचाई एक बड़ी बाधा है. सोनू का कहना है कि अगर सरकार से उन्हें सोलर पंप का सहयोग मिल जाए, तो वे लागत घटाकर इस मॉडल को नई ऊंचाइयों पर ले जा सकते हैं.

