Last Updated:
US New Tariff : नई टैरिफ व्यवस्था अमेरिका के लगभग 99.4% आयात-व्यापार को कवर करेगी.यह कदम फरवरी में अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट द्वारा ट्रंप प्रशासन के पुराने शुल्कों को रद्द किए जाने के बाद उठाया गया है.
नए टैरिफ आज से लागू हा गए हैं.
नई दिल्ली. अमेरिका ने भारत समेत दुनिया के 60 व्यापारिक देशों पर नए टैरिफ लगाने का ऐलान किया है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से इस साल की शुरुआत में लागू किए गए10% अस्थाई टैरिफ गुरुवार आधी रात को समाप्त होने के बाद शक्रवार आधी रात से नया टैरिफ लागू हो गया है. अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (USTR) ने यह जानकारी देते हए बताया कि शुक्रवार12:01 बजे से प्रभावी हो जाएंगे. भारत सहित 60 देशों पर न्यूनतम 10% टैरिफ लगाया गया है, जबकि कुछ देशों के लिए यह दर 12.5% तक रखी गई है. भारत को 10% टैरिफ वाली श्रेणी में रखा गया है.
अमेरिका बंधुआ मजदूरी (फोर्स्ड लेबर) से जुड़े आयात के मुद्दे पर भारत समेत 60 प्रमुख व्यापारिक साझेदारों के खिलाफ ‘धारा 301’ के तहत यह टैरिफ लगाया है.पिछले महीने यूएसटीआर कार्यालय ने इस मुद्दे पर 10 फीसदी और 12.5 फीसदी तक अतिरिक्त शुल्क लगाने का प्रस्ताव दिया था.
बंधुआ मजदूरी पर कोई ढिलाई नहीं
नए शुल्कों का ऐलान करते हुए अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीयर ने कहा, ” अमेरिका में लगभग एक सदी से जबरन श्रम से बने उत्पादों के आयात पर प्रतिबंध है. हम इसका सख्ती से पालन कराते हैं. अब समय आ गया है कि हमारे व्यापारिक साझेदार भी ऐसा ही करें.”
किस देश पर कितना टैरिफ
10% टैरिफ दर: यह दर उन देशों पर लागू होगी जिन्होंने अपने यहां जबरन श्रम पर कड़े प्रतिबंधात्मक कानून बनाए हैं. इसमें भारत, कनाडा, यूरोपीय संघ (EU) और ब्रिटेन (UK) शामिल हैं.
12.5% शुल्क: चीन और जापान सहित अन्य व्यापारिक साझेदारों पर 12.5% की उच्च दर से शुल्क लगाया जाएगा.
भारत ने किया है पुरजोर विरोध
भारत ने अमेरिकी सरकार की जबरन श्रम की जांचों का विरोध करते हुए कहा था कि ऐसे मुद्दों पर द्विपक्षीय व्यापार समझौते के तहत चर्चा की जा सकती है, जिस पर दोनों देशों के बीच बातचीत जारी है. अमेरिका भारत का दूसरा सबसे बड़ा व्यापार साझेदार और निर्यात का प्रमुख गंतव्य है.

