Women Reservation Bill: पहले आंकड़े लाओ… बिल के पक्ष में हैं हम! अखिलेश यादव ने उठा दिया बड़ा सवाल
Women Reservation Bill: पहले आंकड़े लाओ… बिल के पक्ष में हैं हम! अखिलेश यादव ने उठा दिया बड़ा सवाल
Akhilesh Yadav on Women Reservation Bill : अगर आप सोच रहे हैं कि महिला आरक्षण बिल पर सब कुछ शांतिपूर्वक चल रहा है, तो जरा ठहरिए… क्योंकि अब इस बहस में एक नया मोड़ आ गया है. समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने संसद में जातीय जनगणना का मुद्दा जोर-शोर से उठा दिया है और सीधे सरकार पर सवाल दाग दिए हैं. उनका कहना है कि अगर देश में जनगणना होती है, तो लोग जातिगत जनगणना की मांग करेंगे… और जब सही आंकड़े सामने आएंगे, तब आरक्षण की असली तस्वीर भी बदलेगी. अखिलेश यादव ने साफ कहा ‘बिना सही डेटा के आरक्षण देना न्यायसंगत कैसे हो सकता है?’ यानी उनका सीधा इशारा है कि जब तक यह पता ही नहीं कि किस वर्ग की आबादी कितनी है, तब तक आरक्षण का सही बंटवारा कैसे होगा? यही नहीं, उन्होंने सरकार पर यह आरोप भी लगाया कि महिला आरक्षण बिल सामाजिक न्याय के मूल सिद्धांतों के खिलाफ जा सकता है. उनके मुताबिक, यह कदम पीड़ित, दलित, मुस्लिम और पिछड़े वर्गों के हितों को नजरअंदाज करता है. उनका कहना है कि सिर्फ आरक्षण ही नहीं, बल्कि ‘संरक्षण’ की भी जरूरत है ताकि इन वर्गों को वास्तविक सशक्तिकरण मिल सके. अखिलेश यहीं नहीं रुके… उन्होंने सरकार पर ‘तुष्टिकरण की राजनीति’ करने का आरोप भी लगाया और कहा कि यह बिल असली बदलाव नहीं, बल्कि एक राजनीतिक रणनीति का हिस्सा हो सकता है.

