Thursday, July 23, 2026
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आज 11 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी: राजस्थान में एक दिन में 9 इंच तक पानी बरसा, सीजन में सबसे ज्यादा बरसात – Jaipur News


राजस्थान में बुधवार (22 जुलाई) को इस सीजन की सबसे भारी बारिश हुई। ब्यावर में कल रिकॉर्ड 9 इंच पानी बरसा, जो इस मानसून सीजन में अब तक की सबसे ज्यादा बारिश है।

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ब्यावर के साथ-साथ अजमेर और भीलवाड़ा में भी कई जगहों पर 3 से 5 इंच तक बारिश हुई। मौसम विभाग ने अगले 2 दिनों तक पूरे राजस्थान में बारिश का अलर्ट जारी किया है।

हालांकि, 25 जुलाई के बाद पश्चिमी राजस्थान में बारिश थोड़ी कम हो जाएगी। गुरुवार को भी राज्य के 11 जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट है।

मानसून के बड़े अपडेट्स

बरसाती नदियों में उफान, खेत डूबे: पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा बरसात ब्यावर के पास बदनोर में 225MM (9 इंच) दर्ज हुई। यहां खेत और खुले इलाके जलमग्न हो गए। भारी बारिश से बरसाती नदियों में पानी बहने लगा है। ब्यावर के साथ डूंगरपुर बांसवाड़ा, जोधपुर, जैसलमेर, बीकानेर, भरतपुर, नागौर, बूंदी, जैसलमेर, अलवर, पाली के कई इलाकों में दो इंच तक बारिश रिकॉर्ड हुई।

2 दिन तेज बारिश का अलर्ट: मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया- राज्य में अभी मानसून एक्टिव रहने और अच्छी बारिश होने की परिस्थितियां अनुकूल है। मानसून ट्रफ अभी नॉर्मल पॉजिशन पर है, जो बीकानेर, टोंक, गुना, दमोह होकर गुजर रही है। उत्तर-पूर्वी राजस्थान के ऊपर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। इन सिस्टम के असर से राज्य में अगले दो दिन पूरे प्रदेश में बारिश होगी, जबकि दक्षिणी राजस्थान के हिस्से में कई स्थानों पर भारी से अतिभारी बारिश हो सकती है।

राजस्थान के मौसम की PHOTOS…

श्रीगंगानगर में बुधवार को हुई बारिश के बाद सड़कों पर आधा फीट तक पानी जमा हो गया।

श्रीगंगानगर में बुधवार को हुई बारिश के बाद सड़कों पर आधा फीट तक पानी जमा हो गया।

बाड़मेर में बुधवार शाम को तेज बारिश हुई। इस मानसून सीजन में बॉर्डर वाले जिलों में काफी कम बरसात हुई है।

बाड़मेर में बुधवार शाम को तेज बारिश हुई। इस मानसून सीजन में बॉर्डर वाले जिलों में काफी कम बरसात हुई है।

ये शहर सबसे ज्यादा गर्म

आगे कैसा रहेगा मौसम

राजस्थान के बड़े शहरों में कैसा रहा मौसम?

जयपुर: राजधानी और उसके आस-पास के इलाकों में बारिश का दौर दूसरे दिन भी जारी रहा। बुधवार को फुलेरा, फागी, नरैना, सांभर, जोबनेर और दूदू के इलाकों में अच्छी बारिश हुई। सबसे ज्यादा 52 मिमी (करीब 2 इंच) बारिश सांभर में दर्ज की गई। जयपुर शहर में सुबह बूंदाबांदी हुई। बुधवार रात भी कई रुक-रुककर हल्की बारिश हुई।

जयपुर में बुधवार को दिनभर रुक-रुककर बूंदाबांदी होती रही। हालांकि, दो दिन बारिश के बाद उमस से राहत नहीं मिली है।

जयपुर में बुधवार को दिनभर रुक-रुककर बूंदाबांदी होती रही। हालांकि, दो दिन बारिश के बाद उमस से राहत नहीं मिली है।

अलवर: जिले में बुधवार सुबह से शाम तक रुक-रुककर रिमझिम बारिश का दौर चलता रहा। अधिकतम तापमान 30 डिग्री और न्यूनतम तापमान 25.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में यहां तेज बारिश होने की संभावना है।

अलवर में बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली। जिले में आगामी दिनों में भी बारिश की संभावना है।

अलवर में बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली। जिले में आगामी दिनों में भी बारिश की संभावना है।

अजमेर: जिले में सुबह से लेकर शाम तक रुक-रुककर तेज बारिश होती रही, जिससे लोगों को उमस और गर्मी से बड़ी राहत मिली। दिनभर में कुल 79 मिमी बारिश दर्ज की गई। अधिकतम तापमान 27.0 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23.4 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले 24 से 48 घंटों तक तेज बारिश का दौर जारी रहेगा।

अजमेर में बुधवार को दिनभर बारिश हुई। एक्सपर्ट के अनुसार आने वाले दिनों में भी बारिश का दौर जारी रहेगा।

अजमेर में बुधवार को दिनभर बारिश हुई। एक्सपर्ट के अनुसार आने वाले दिनों में भी बारिश का दौर जारी रहेगा।

सीकर: शहरी इलाकों में दोपहर करीब 1 बजे तेज हवा के साथ करीब 10-12 मिनट तक रिमझिम बारिश हुई। बारिश के बाद दिनभर उमस रही। फतेहपुर मौसम केंद्र पर अधिकतम तापमान 32.5 डिग्री और न्यूनतम तापमान 25.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, सीकर जिले में 24 जुलाई तक बारिश का दौर जारी रह सकता है।

सीकर जिले में हुई बारिश के बाद भी दिनभर बादल छाए रहे, हालांकि दिन में तेज बारिश नहीं हुई।

सीकर जिले में हुई बारिश के बाद भी दिनभर बादल छाए रहे, हालांकि दिन में तेज बारिश नहीं हुई।

उदयपुर: लेकसिटी में बुधवार सुबह करीब एक घंटे तक तेज बारिश हुई, जिससे मौसम सुहावना हो गया। बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। बुधवार को उदयपुर का अधिकतम तापमान 30.4 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि मंगलवार को अधिकतम तापमान 32.4 डिग्री था।

उदयपुर में हुई तेज बारिश के कारण कई इलाकों में पानी भर गया। बुधवार को इस सीजन की सबसे तेज बारिश हुई।

उदयपुर में हुई तेज बारिश के कारण कई इलाकों में पानी भर गया। बुधवार को इस सीजन की सबसे तेज बारिश हुई।

कोटा: जिले में मंगलवार और बुधवार को हुई बारिश के बाद तापमान में अच्छी गिरावट आई है। बुधवार को कोटा का अधिकतम तापमान 29.8 डिग्री और न्यूनतम तापमान 25.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोटा में बीते दो दिन से रुक-रुककर बारिश हो रही है। जिले के डैम व नदियों में पानी की आवक शुरू हो गई है।

कोटा में बारिश के बाद तापमान में भी गिरावट हुई है। लोगों को गर्मी-उमस से राहत मिली है।

कोटा में बारिश के बाद तापमान में भी गिरावट हुई है। लोगों को गर्मी-उमस से राहत मिली है।

जोधपुर: बुधवार को जोधपुर में मानसून की पहली अच्छी बारिश हुई, जिससे लोगों को भीषण गर्मी और उमस से बड़ी राहत मिली। बारिश के बाद मौसम खुशनुमा हो गया। बुधवार को जोधपुर का अधिकतम तापमान 32.2 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

जोधपुर में मानसून की पहली अच्छी बारिश हुई, गर्मी का असर भी कम रहा है।

जोधपुर में मानसून की पहली अच्छी बारिश हुई, गर्मी का असर भी कम रहा है।



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चाचा पर नाबालिक भतीजियों से दुष्कर्म का आरोप: शिकायत पर पिता ने दबाया मामला दबाया, मां की तहरीर पर केस दर्ज – Lucknow News




मलिहाबाद थाना क्षेत्र के एक गांव में दो नाबालिग बहनों ने अपने सगे चाचा पर तीन साल तक दुष्कर्म करने और पिता पर आरोपी का साथ देकर मामला दबाने का आरोप लगाया है। मां की तहरीर पर पुलिस ने चाचा के खिलाफ दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट समेत अन्य धाराओं और पिता के खिलाफ सहयोग करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है। इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह भाटी ने बताया कि पीड़िताओं की मां लखनऊ में प्राइवेट जॉब करती हैं। उनकी 12 और 14 साल की बेटियां पिता के साथ रहती हैं। घर के पास ही आरोपी चाचा का स्कूल है, जहां दोनों बच्चियां कक्षा छह और नौ में पढ़ती हैं।
पीड़िता की माँ ने शिकायत में बताया कि आरोपी चाचा पिछले तीन सालों से बच्चियों के खाने में नशे की गोलियां मिलाकर दुष्कर्म कर रहा था। 9 जून को उसने बड़ी बेटी से रेप किया। जब बच्ची ने पिता को इस बारे में बताया तो पिता ने उसे डांटकर चुप करा दिया। डर और दबाव के चलते बच्ची कुछ नहीं बोल पाई। आरोपी की हरकतों से तंग आकर दोनों बहनों ने पूरी बात मां को बताई। इसके बाद मां ने थाने पहुंचकर एफआईआर दर्ज कराई।
पुलिस ने बताया कि आरोपी चाचा पेशे से स्कूल संचालक है, जबकि पिता जल निगम में नौकरी करते हैं। तहरीर के आधार पर चाचा के खिलाफ दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट तथा पिता के खिलाफ सहयोग करने की धारा में केस दर्ज किया गया है। दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित कर दबिश दी जा रही है। बच्चियों का मेडिकल परीक्षण कराया जाएगा।



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भास्कर अपडेट्स: मुंबई में बिना परमिशन के प्रदर्शन करने पर 5 दिन में 13 FIR; 400 लोगों पर एक्शन


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4 घंटे पहले

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मुंबई पुलिस ने 18 से 22 जुलाई के बीच बिना अनुमति प्रदर्शन करने के आरोप में 13 एफआईआर दर्ज कर करीब 400 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार, सभी मामलों में नोटिस देकर लोगों को छोड़ दिया गया।

दिल्ली में CJP के छात्र आंदोलन के समर्थन में मुंबई के शिवाजी पार्क, चैत्यभूमि, चेंबूर और शिवसेना भवन समेत कई जगह प्रदर्शन हुए। पुलिस का कहना है कि इन प्रदर्शनों की अनुमति नहीं ली गई थी।

खबरें और भी हैं…



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साइबर ठगी रोकने को राज्यों के डीजीपी तलब: साइबर अपराधी मिनटों में ठगी कर रहे, पुलिस बेहद धीमी; हाईकोर्ट ने जताई कड़ी नाराजगी – Jabalpur News




जबलपुर स्थित मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने साइबर ठगी के बढ़ते मामलों पर सुनवाई करते हुए जांच एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर गंभीर नाराजगी जताई है। अदालत ने टिप्पणी की कि साइबर अपराधी कुछ ही मिनटों में लोगों की जीवनभर की कमाई हड़प लेते हैं, जबकि पुलिस की कार्रवाई अब भी बेहद धीमी गति से चल रही है। जस्टिस विशाल धगट की एकलपीठ जबलपुर निवासी एक बुजुर्ग के साथ हुई 6.25 लाख रुपए की साइबर ठगी से जुड़ी याचिका पर सुनवाई कर रही थी। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि अब समय आ गया है कि तकनीकी विशेषज्ञता और पुलिसिंग को एक मंच पर लाकर साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण किया जाए। अदालत ने केंद्र सरकार, बैंकों और जांच एजेंसियों को साइबर अपराधों की जांच के लिए केंद्रीकृत तंत्र विकसित करने के निर्देश दिए। कोर्ट ने माना कि अलग-अलग एजेंसियों के बीच समन्वय की कमी के कारण जांच प्रभावित होती है और पीड़ितों को समय पर राहत नहीं मिल पाती। 31 जुलाई को पेश होंगे तीन राज्यों के डीजीपी हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल, झारखंड और असम के पुलिस महानिदेशकों (DGP) को 31 जुलाई को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अदालत में उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं। वहीं, जबलपुर के पुलिस अधीक्षक को व्यक्तिगत रूप से पेश होने के लिए कहा गया है। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने पूर्व आदेशों के बावजूद अधिकारियों की अनुपस्थिति पर भी असंतोष जताया। असम पुलिस की सराहना अदालत ने मामले के मुख्य आरोपी को महज 11 दिन में गिरफ्तार कर मध्य प्रदेश पुलिस को सौंपने पर असम पुलिस की सराहना की। कोर्ट ने कहा कि राज्यों के बीच इसी तरह के समन्वय से साइबर अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है। कोर्ट की प्रमुख टिप्पणियां



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बाढ़ बनी अवसर! किसान ने घर की छत को बनाया ऑर्गेनिक फार्म, देखें ये देसी जुगाड़


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बाढ़ बनी अवसर! किसान ने घर की छत को बनाया ऑर्गेनिक फार्म, देखें ये देसी जुगाड़

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Rooftop Farming Success Story: भोजपुर के शिवपुर गांव निवासी रणवीर सिंह ने बाढ़ की समस्या से निपटने के लिए घर की छत पर ही रूफ फार्मिंग शुरू कर दी. थर्माकोल के डिब्बों में बिना केमिकल दर्जनों सब्जियां उगा रहे हैं. भोजपुर के शिवपुर गांव निवासी रणवीर सिंह ने बाढ़ की समस्या से निपटने के लिए घर की छत पर ही रूफ फार्मिंग शुरू कर दी. थर्माकोल के डिब्बों में बिना केमिकल दर्जनों सब्जियां उगा रहे हैं. देखें ये देसी जुगाड़.

भोजपुर: बिहार के भोजपुर जिले के बड़हरा प्रखंड के अंतर्गत आने वाले शिवपुर गांव के निवासी रणवीर कुमार सिंह ने बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदा और रोजमर्रा की परेशानियों को अपने लिए एक नया अवसर बना लिया है. हर साल बाढ़ आने के कारण क्षेत्र में आवागमन के साधन पूरी तरह बाधित हो जाते हैं. जिससे ग्रामीणों को बाजार तक पहुंचकर जरूरत का सामान या सब्जियां लाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. पैसे होने के बावजूद समय पर बाजार न पहुंच पाने की इस गंभीर समस्या से निजात पाने के लिए रणवीर सिंह ने खुद ही एक अनूठा रास्ता निकाला और अपने घर की छत पर ही ‘रूफ फार्मिंग’ की शुरुआत कर दी, ताकि उनके परिवार को ताजी और शुद्ध सब्जियां घर पर ही मिल सकें. भोजपुर के शिवपुर गांव निवासी रणवीर सिंह ने बाढ़ की समस्या से निपटने के लिए घर की छत पर ही रूफ फार्मिंग शुरू कर दी. थर्माकोल के डिब्बों में बिना केमिकल दर्जनों सब्जियां उगा रहे हैं.

थर्माकोल के डिब्बे और जैविक खाद
पारंपरिक प्लास्टिक के बक्से महंगे पड़ते हैं और एक-दो साल में खराब हो जाते हैं, इसलिए रणवीर सिंह ने खेती के लिए थर्माकोल के मछली वाले पुराने डिब्बों का उपयोग किया है जो पांच से छह साल तक आसानी से चलते हैं.इन डिब्बों में आधा हिस्सा सड़े हुए गोबर की खाद और दो हिस्सा साफ मिट्टी मिलाकर एक बेहतरीन मिश्रण तैयार किया जाता है. इसके अलावा, छत पर प्लास्टिक की पाइप और बांस के सहारे एक मजबूत मचान तैयार किया गया है, जिस पर लता वाली सब्जियां फैली हुई हैं. इस पूरी खेती की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसमें किसी भी प्रकार के रासायनिक खादों या उर्वरकों का इस्तेमाल नहीं किया जाता है, बल्कि पूरी तरह से प्राकृतिक गोबर की खाद का प्रयोग किया जाता है जिससे सब्जियों का स्वाद और गुणवत्ता दोनों बेहद शानदार मिलते हैं.

​छत पर उगने वाली दर्जनों प्रकार की सब्जियां
रणवीर सिंह अपनी छत पर जुलाई से लेकर मार्च तक यानी लगभग छह महीने तक विभिन्न प्रकार की मौसमी सब्जियां उगाते हैं, जबकि इसके बाद मार्च से जुलाई के बीच वे नीचे जमीन पर खेती करते हैं.उनकी छत पर वर्तमान में करेली यानी करैला मुख्य रूप से उगाया जाता है जिसका स्वाद इतना बेहतरीन होता है कि लोग कच्चा भी खा लें तो तीखापन महसूस नहीं होता. इसके अलावा उनकी छत पर लत्तर वाला बोरो यानी बरबटी, सेम, बैंगन, टमाटर, हरी मिर्च और ठंड के मौसम में गोभी तथा शिमला मिर्च जैसी दर्जनों फसलें उगाई जाती हैं.

​आर्थिक बचत और समाज के लिए प्रेरणा
रणवीर सिंह बताते हैं कि पिछले तीन सालों से उन्हें बाजार से सब्जियां खरीदने की आवश्यकता ही नहीं पड़ी है, जिससे उनका घरेलू बजट काफी संभल गया है. आरा से लेकर आसपास के गांवों तक में जितने भी उनके रिश्तेदार या जुड़े हुए लोग हैं, जब भी छत पर फसल तैयार होती है, वे उनके घरों तक भी सब्जियां जरूर पहुंचाते हैं. बाढ़ और महंगाई के इस दौर में रणवीर सिंह की यह छत की खेती न सिर्फ उनके परिवार के लिए वरदान साबित हो रही है, बल्कि आसपास के अन्य लोगों के लिए भी आत्मनिर्भर बनने की एक बहुत बड़ी प्रेरणा बन गई है.

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Amit ranjan

मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले…

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10 साल की लड़की से रेप, ई-रिक्शा ड्राइवर गिरफ्तार: मां को काम पर छोड़ने के बाद घर पहुंचा था, पुलिस ने पकड़ा – Firozabad News




फिरोजाबाद में एक 10 साल की लड़की से रेप का मामला सामने आया है। रामगढ़ पुलिस ने बुधवार को ई-रिक्शा चालक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।यह घटना रामगढ़ थाना क्षेत्र की है। पीड़िता की मां चूड़ी की सिट पर काम करती हैं और आने-जाने के लिए उन्होंने ई-रिक्शा लगाया हुआ था। 18 जुलाई की सुबह महिला ई-रिक्शा चालक भूपेन्द्र (निवासी भीकनपुर आश्रम के पास, थाना रामगढ़) के साथ काम पर गई थीं। महिला को काम पर छोड़ने के बाद भूपेन्द्र उनके घर पहुंचा। बालिका घर में अकेली थी और रोज आने-जाने के कारण उसने भूपेन्द्र को घर में आने दिया। घर में अकेला पाकर आरोपित ने बालिका के साथ दुष्कर्म किया और विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद वह मौके से फरार हो गया। मां के घर लौटने पर बालिका ने उन्हें पूरी घटना बताई। इसके बाद मां अपनी बेटी को लेकर थाने पहुंचीं, जहां पुलिस ने उनकी तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज की और बालिका का मेडिकल कराया। रामगढ़ इंस्पेक्टर संजीव दुबे ने बताया कि आरोपित ई-रिक्शा चालक को शाम 8 बजे रैपुरा रोड से गिरफ्तार किया गया है।



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बाढ़ के पानी में डूबने से युवक की मौत: डीएम के निर्देश पर रात में हुआ पोस्टमार्टम, गेंद लाने गया था फैज – Turkauliya News




पूर्वी चंपारण जिले के बंजरिया प्रखंड की सिसवा पूर्वी पंचायत के साहबाद टोला वार्ड संख्या-14 में बाढ़ के पानी में डूबने से 22 वर्षीय फैज अहमद की मौत हो गई। मृतक फारूक अहमद के पुत्र थे। परिजनों के अनुसार, फैज बुधवार दोपहर करीब 1:30 बजे क्रिकेट खेलने घर से निकले थे। बूढ़ी गंडक का पानी खेतों तक फैला था गांव के पास बूढ़ी गंडक नदी का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ का पानी खेतों तक फैल गया था। खेल के दौरान गेंद पानी में चली गई। मृतक के चाचा वसीर अहमद ने बताया कि गेंद लाने के लिए जैसे ही फैज पानी में उतरे, उनका पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में डूब गए। आसपास मौजूद लोगों ने बचाने की कोशिश की, लेकिन उनकी मौत हो गई। डीएम के निर्देश पर रात में हुआ पोस्टमार्टम शाम करीब 7 बजे परिजन शव लेकर मोतिहारी सदर अस्पताल पहुंचे, लेकिन पोस्टमार्टम कार्यालय बंद होने के कारण प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी। इस बीच जदयू अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष सरफराज आलम ने जिलाधिकारी सौरभ सुमन यादव को मामले की जानकारी दी। डीएम के निर्देश पर विशेष व्यवस्था करते हुए रात करीब 9:45 बजे पोस्टमार्टम कराया गया और इसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। सरकारी सहायता की उठी मांग सरफराज आलम ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की। साथ ही प्रशासन से मृतक के परिजनों को सरकारी सहायता उपलब्ध कराने की मांग भी की।



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मधुबनी में सकरी के पूर्व मुखिया 10 साल की सजा: 2018 के जानलेवा हमले मामले में कोर्ट ने दिया फैसला – Madhubani News




मधुबनी जिले के सकरी थाना क्षेत्र में वर्ष 2018 में हुए जानलेवा हमले के मामले में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश पवन कुमार पांडेय की अदालत ने बुधवार को फैसला सुनाया। अदालत ने सकरी के पूर्व मुखिया अली अहमद उर्फ मुन्ना बॉस को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 10 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। जुर्माना नहीं देने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। कई धाराओं में सुनाई गई सजा न्यायालय ने भारतीय दंड संहिता की धारा 307 के तहत 10 वर्ष का सश्रम कारावास और 10 हजार रुपये का जुर्माना, धारा 341 के तहत एक माह का कारावास, धारा 325 के तहत पांच वर्ष का कारावास और पांच हजार रुपये का जुर्माना तथा धारा 504 के तहत दो हजार रुपये का जुर्माना लगाया। इसके अलावा आर्म्स एक्ट की धारा 27 के तहत तीन वर्ष का कारावास और पांच हजार रुपये का जुर्माना तथा धारा 30 के तहत छह माह का कारावास और दो हजार रुपये का जुर्माना सुनाया गया। अदालत ने सभी सजाएं साथ-साथ चलाने का आदेश दिया। अभियोजन और बचाव पक्ष ने रखे अपने तर्क सजा निर्धारण के दौरान लोक अभियोजक शिव शंकर प्रसाद राय ने आरोपी के गंभीर अपराध का हवाला देते हुए कठोर सजा की मांग की। वहीं, बचाव पक्ष के अधिवक्ता शिव कुमार ठाकुर ने आरोपी के लिए न्यूनतम सजा देने का अनुरोध किया। पुत्र के अपहरण की सूचना पर पहुंचे थे पीड़ित लोक अभियोजक के अनुसार, 17 सितंबर 2018 को उमर महमूद को सूचना मिली कि उनके पुत्र का अपहरण किया जा रहा है। सूचना मिलने पर जब वे घटनास्थल पर पहुंचे तो देखा कि आरोपी अली अहमद उर्फ मुन्ना बॉस अपने सहयोगियों के साथ उनके पुत्र को जबरन वाहन में बैठाने का प्रयास कर रहा था। गोली लगने से घायल हुए थे उमर महमूद आरोप है कि उमर महमूद के पहुंचते ही आरोपी ने पिस्तौल से जान से मारने की नीयत से गोली चला दी, जो उनकी बांह में लगी। गोली की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, जिसके बाद आरोपी अपने साथियों के साथ फरार हो गया। इस मामले में सकरी थाना में प्राथमिकी दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की थी।



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ग्वालियर के वीरपुर बांध में युवक का शव मिला: विवाद के बाद घर से निकला था, बाइक भी पानी से बरामद – Gwalior News




गिरवाई थाना क्षेत्र के वीरपुर बांध में बुधवार दोपहर एक युवक का शव मिला। स्थानीय लोगों ने शव देखकर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बांध से बाहर निकलवाया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। गिरवाई थाना प्रभारी सुरेंद्र नाथ सिंह यादव ने बताया कि मृतक की पहचान वीरपुर बांध निवासी 43 वर्षीय मनोज कुशवाह के रूप में हुई है। मनोज मकानों में सेंटिंग लगाने का काम करता था। शव निकालने के बाद बांध में एक बाइक भी मिली, जिसकी पहचान मनोज की बाइक के रूप में हुई। घटना की जानकारी मिलते ही मृतक के परिजन भी मौके पर पहुंचे और शव की शिनाख्त की। पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया है कि मनोज की चार बेटियां और एक बेटा है। बीते दिन उसका अपनी पत्नी से विवाद हुआ था, जिसके बाद वह बाइक लेकर घर से निकला था। यह भी पता चला है कि घटना से पहले उसने शराब का सेवन किया था। पुलिस के अनुसार, मनोज का शव बांध में काफी अंदर मिला है। इस आधार पर पुलिस का प्रारंभिक अनुमान है कि उसने आत्महत्या की है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।



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मानसून का मजा होगा दोगुना! घर पर आसान तरीके से बनाएं ककोड़े की करारी फ्राई


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Crispy Kakoda Recipe: अगर आप मानसून में कुछ अलग और स्वादिष्ट बनाना चाहते हैं, तो ककोड़े की क्रिस्पी फ्राई सब्जी एक बेहतरीन विकल्प है. यह देसी और पौष्टिक सब्जी बेहद कम समय में तैयार हो जाती है. ककोड़ों को अच्छी तरह धोकर पतले टुकड़ों में काटें, फिर हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर, नमक और बेसन या चावल के आटे की हल्की परत लगाकर धीमी आंच पर सुनहरा और कुरकुरा होने तक फ्राई करें. यह सब्जी करीब 5 मिनट में तैयार हो जाती है और रोटी, पराठे या दाल-चावल के साथ बेहद स्वादिष्ट लगती है. यह रेसिपी स्वाद और सेहत दोनों का बेहतरीन मेल है.

ख़बरें फटाफट

भीलवाड़ा: आमतौर पर देखा जाता है की बारिश के मौसम में घर में सब्जी बनाने का ज्यादा ऑप्शन नहीं आता है क्योंकि बारिश के मौसम में सब्जियां बहुत कम और लिमिटेड बाजार में दिखाई देती है, लेकिन एक ऐसी देसी सब्जी है जो खास तौर पर मानसून के सीजन में सबसे ज्यादा दिखाई देती है और यह सब्जी स्वाद के साथ- साथ सेहत के लिए भी फायदेमंद है. वैसे अगर आप भिंडी आलू बैंगन जैसी सब्जी खाकर अगर बोर हो गए हैं.

तो आज हम आपको ककोड़े की क्रिस्पी फ्राई सब्जी के बारे में बताने जा रहे हैं. यह देसी सब्जी गांवों के अलावा शहरों में भी काफी पसंद की जाती है और बरसात के मौसम में आसानी से मिल जाती है. खास बात यह है कि इसे बनाने में केवल 5 मिनट का समय लगता है. यह बाहर से कुरकुरी और अंदर से मुलायम होती है. स्वाद के साथ-साथ यह शरीर के लिए भी फायदेमंद मानी जाती है. सही तरीके से बनाने पर यह लंबे समय तक खराब भी नहीं होती.

कुरकुरी ककोड़े की फ्राई सब्जी तैयार
भीलवाड़ा शहर के आर के कॉलोनी के रहने वाले पूजा कुमारी सांखला ने कहा कि बारिश के मौसम में मंडी या बाजार में सब्जी बहुत लिमिटेड मिलती है और आमतौर पर रोज-रोज एक तरह की सब्जी बनाना भी काफी मुश्किल हो जाता है. लेकिन एक ऐसी सब्जी है जो बारिश के सीजन में सबसे ज्यादा मंडी और बाजार में दिखाई देती है. वह सब्जी ककोड़े है जो काफी स्वादिष्ट होते हैं यह सब्जी बारिश के सीजन में आसानी से मिल जाती है और इसकी रेसिपी भी काफी आसान होती है. ककोड़े की फ्राई सब्जी बनाने के लिए सबसे पहले ककोड़ों को अच्छी तरह धो लें. इसके बाद इन्हें लंबाई में दो या चार हिस्सों में काट लें. अब इसमें नमक, हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर, अजवाइन और थोड़ा बेसन या चावल का आटा मिलाएं. चाहें तो थोड़ा सा तेल डालकर मसालों को अच्छी तरह मिला लें. इससे मसाला ककोड़ों पर अच्छी तरह चिपक जाता है और सब्जी ज्यादा क्रिस्पी बनती है. अब एक कड़ाही में तेल गर्म करें और तैयार किए गए ककोड़ों को मध्यम आंच पर सुनहरा होने तक तल लें. अगर कम तेल में बनाना चाहते हैं तो इन्हें तवे पर भी भून सकते हैं. कुछ ही मिनटों में स्वादिष्ट और कुरकुरी ककोड़े की फ्राई सब्जी तैयार हो जाती है.

ककोड़ा स्वादिष्ट होने के साथ पोषक तत्वों से भी भरपूर
इसे रोटी, पराठे या दाल-चावल के साथ भी खाया जा सकता है. इसके अलावा इसको फ्राई करके चाय नाश्ते के साथ भी खाया जा सकता है सफर में ले जाने के लिए भी यह अच्छा विकल्प है क्योंकि यह जल्दी खराब नहीं होती हैं. ककोड़ा स्वादिष्ट होने के साथ पोषक तत्वों से भी भरपूर होता है. इसमें फाइबर, विटामिन और कई जरूरी खनिज पाए जाते हैं, जो पाचन को बेहतर बनाने और शरीर को ऊर्जा देने में मदद करते हैं. बरसात के मौसम में मिलने वाली यह देसी सब्जी बाजार की कई महंगी सब्जियों का स्वाद भी फीका कर देती है.

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Jagriti Dubey

Hi, I am Jagriti Dubey, a media professional with 6 years of experience in social media and content creation. I started my career with an internship at Gbn 24 news channel in 2019 and have worked with many repu…

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