Sunday, August 2, 2026
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मुजफ्फरपुर में श्रावणी मेला का शुभारंभ: पहलेजा से गंगाजल लेकर आने लगे कांवरिए, शहर में सोमवार दोपहर तक नहीं चलेंगे भारी वाहन – Muzaffarpur News


श्रावणी मेला का रविवार को शुभारंभ हो गया। डीएन हाई स्कूल, गोला रोड में आयोजित उद्घाटन समारोह में जिले के प्रभारी मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने दीप प्रज्वलित कर मेले का उद्घाटन किया। इसके साथ ही बाबा गरीबनाथ धाम, बाबा दूधनाथ धाम और बाबा खगेश्वर नाथ धाम

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रविवार देर रात से पहलेजा से गंगाजल लेकर आने वाले कांवरियों का शहर में प्रवेश शुरू हो गया, जबकि सोमवार की पहली सोमवारी पर बाबा गरीबनाथ मंदिर में जलाभिषेक होगा। सोमवार दोपहर तक शहर में भारी वाहनों के प्रवेश पर भी रोक रहेगी।

उद्घाटन समारोह में प्रभारी मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने कहा कि श्रावणी मेला आस्था, संस्कृति और सेवा का महापर्व है। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए सरकार एवं जिला प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए हैं। उन्होंने सभी से प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करने और मेले को सफल बनाने में सहयोग करने की अपील की।

समारोह के दौरान बाबा गरीबनाथ मंदिर, बाबा दूधनाथ मंदिर और बाबा खगेश्वर नाथ धाम की स्मारिका (पत्रिका) का लोकार्पण किया गया। साथ ही श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए तैयार किए गए श्रावणी मेला ऐप का भी शुभारंभ हुआ।

इस ऐप के माध्यम से श्रद्धालु लाइव दर्शन, ऑनलाइन पूजा, कांवरिया मार्ग, भीड़ की स्थिति, एटीएम, हेल्पलाइन नंबर और अन्य सुविधाओं की जानकारी एक ही मंच पर प्राप्त कर सकेंगे।

समारोह का किया उद्घाटन।

कांवरियों के लिए विशेष रूट, शहर में ट्रैफिक डायवर्जन

श्रावणी मेले को लेकर जिला प्रशासन ने विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया है। पहलेजा से गंगाजल लेकर आने वाले कांवरिये फकुली, रामदयालु नगर, अघोरिया बाजार, हरिसभा चौक, देवी मंदिर रोड, पानी टंकी चौक, अमर सिनेमा रोड, छोटी कल्याणी, प्रभात सिनेमा चौक, बजरंगबली चौक और मक्खन साह चौक होते हुए बाबा गरीबनाथ मंदिर पहुंचेंगे।

भगवानपुर की ओर से आने वाले कांवरियों के लिए भी अलग मार्ग निर्धारित किया गया है।

मेला अवधि में कांवरिया पथ पर सामान्य वाहनों का परिचालन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। वहीं पटना, समस्तीपुर, बरौनी और हाजीपुर की ओर जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए गए हैं।

मंच पर उपस्थित अतिथि।

मंच पर उपस्थित अतिथि।

सुरक्षा के भी हो रहे इंतजाम

श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पूरे मेला क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल, दंडाधिकारी, सीसीटीवी कैमरे, कंट्रोल रूम, मेडिकल कैंप, पेयजल, शौचालय और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। जिला प्रशासन ने श्रद्धालुओं से ट्रैफिक प्लान का पालन करने और प्रशासन का सहयोग करने की अपील की है।

मौके पर ये रहे मौजूद

पर्यटन मंत्री केदार प्रसाद गुप्ता, मंत्री नीतीश मिश्र, मंत्री रमा निषाद, केंद्रीय जलशक्ति राज्य मंत्री डॉ. राजभूषण चौधरी, प्रमंडलीय आयुक्त गिरिवर दयाल सिंह, डीआईजी सुधांशु कुमार, जिलाधिकारी कुमार गौरव, वरीय पुलिस अधीक्षक कांतेश कुमार मिश्रा, नगर विधायक रंजन कुमार, कांटी विधायक अजीत कुमार, मीनापुर विधायक अजय कुशवाहा, बोचहां विधायक बेबी कुमारी, साहेबगंज विधायक राजू सिंह समेत कई जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

उद्घाटन समारोह में कलाकारों ने भक्ति गीतों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से माहौल भक्तिमय बना दिया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु और स्थानीय लोग कार्यक्रम में शामिल हुए।



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महिदपुर रोड स्टेशन पर रेल हादसा टला: मेमू ट्रेन के इंजन पर गिरी हाई-वोल्टेज लाइन, इंजन में लगी आग – Ujjain News




रविवार सुबह महिदपुर रोड रेलवे स्टेशन के पास एक बड़ा रेल हादसा टल गया। रतलाम से कोटा जा रही मेमू पैसेंजर ट्रेन के इंजन पर अचानक हाई-वोल्टेज ओवरहेड बिजली की लाइन टूटकर गिर गई। लाइन गिरने से इंजन में शॉर्ट सर्किट हुआ और आग लग गई। इंजन से धुआं और आग की लपटें उठती देख यात्रियों में हड़कंप मच गया और कई लोग ट्रेन से नीचे उतर गए। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारी, आरपीएफ, स्थानीय प्रशासन और दमकल की टीम मौके पर पहुंची। तत्काल बिजली आपूर्ति बंद कर आग बुझाने का कार्य शुरू किया गया। कुछ ही देर में आग पर काबू पा लिया गया, जिससे बड़ा नुकसान टल गया। इस घटना में किसी भी यात्री के हताहत होने की सूचना नहीं है। इस हादसे के कारण रेलवे ट्रैक पर कुछ समय के लिए रेल परिचालन प्रभावित रहा। एहतियात के तौर पर हावड़ा–गांधीधाम एक्सप्रेस और बांद्रा जाने वाली एक अन्य ट्रेन को भी कुछ देर के लिए रोका गया। रेलवे कर्मचारियों ने टूटी हुई ओवरहेड लाइन की मरम्मत का कार्य शुरू किया, जिसके बाद धीरे-धीरे रेल यातायात सामान्य हो सका। प्रत्यक्षदर्शी यात्रियों ने बताया कि महिदपुर रोड रेलवे स्टेशन पर ओवरहेड बिजली लाइन से जुड़ी ऐसी घटनाएं पहले भी हो चुकी हैं। यात्रियों ने आरोप लगाया कि बार-बार हादसों के बावजूद रेलवे प्रशासन ने विद्युत व्यवस्था के रखरखाव और सुरक्षा पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया है। उन्होंने इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और स्टेशन की ओवरहेड विद्युत व्यवस्था का तकनीकी निरीक्षण कर आवश्यक सुधार करने की मांग की है। फिलहाल रेलवे प्रशासन घटना के कारणों की जांच कर रहा है। प्रारंभिक जांच में ओवरहेड विद्युत लाइन टूटने से इंजन में शॉर्ट सर्किट होने और आग लगने की बात सामने आई है। चालक दल की सतर्कता और राहत टीम की त्वरित कार्रवाई के कारण एक बड़ा रेल हादसा टल गया।



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बारिश में सबसे ज्यादा खतरा इन सब्जियों से, खाने से पहले करें ये काम


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Rainy Season Health Tips: बरसात के मौसम में नमी और गंदगी बढ़ने के कारण कुछ सब्जियों में बैक्टीरिया, फंगस और कीड़ों के पनपने का खतरा अधिक रहता है. खासकर पत्तेदार सब्जियां जैसे पालक, मेथी, धनिया और पत्ता गोभी को बिना अच्छी तरह धोए खाने से फूड पॉइजनिंग, पेट संक्रमण और अन्य बीमारियों का जोखिम बढ़ सकता है. विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि मानसून में ताजी और साफ सब्जियां ही खरीदें, उन्हें नमक या हल्के गर्म पानी से अच्छी तरह धोकर पकाएं और कच्ची सब्जियां खाने से बचें. सही तरीके से साफ और पकाकर खाने से मानसून में स्वास्थ्य संबंधी जोखिम काफी हद तक कम किए जा सकते हैं.

बारिश का मौसम अपने साथ उमस भरी गर्मी लेकर आता इसलिए इस मौसम में खानपान का खास ध्यान रखना भी बहुत जरूरी होता है. बरसात में नमी अधिक होने की वजह से कई सब्जियां जल्दी खराब हो जाती हैं. इनमें बैक्टीरिया, फफूंदी और छोटे-छोटे कीड़े पनप सकते हैं, जो सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं. इसलिए इस मौसम में हमेशा ताजी, साफ और अच्छी तरह पकी हुई सब्जियां ही खानी चाहिए. आइए जानते हैं किन सब्जियों को बारिश के मौसम में खाने से बचना चाहिए.

पालक, मेथी, सरसों और दूसरी पत्तेदार सब्जियां बारिश में जल्दी खराब हो जाती हैं. इनमें मिट्टी, कीड़े और बैक्टीरिया छिपे रह सकते हैं. अगर इन्हें अच्छी तरह साफ नहीं किया जाए तो पेट खराब होने का खतरा बढ़ जाता है.

बारिश के मौसम में टमाटर जल्दी नरम और खराब हो जाते हैं. अगर टमाटर दबा हुआ, सड़ा या ज्यादा नरम दिखाई दे तो उसे खाने से बचें क्योंकि उसमें कीड़े हो सकते हैं. हमेशा ताजा और सख्त टमाटर ही इस्तेमाल करें.

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बारिश में खीरा ज्यादा नमी वाला होता है. कई लोगों को इसे खाने से गैस, अपच या पेट से जुड़ी परेशानी हो जाती है. इसलिए इसे अच्छी तरह धोकर और ताजा होने पर ही खाएं.

बरसात के मौसम में बैंगन में छोटे-छोटे कीड़े लगने की संभावना बढ़ जाती है. कई बार बाहर से ठीक दिखने वाला बैंगन अंदर से खराब निकलता है. इसलिए बैंगन खरीदते समय और काटते समय अच्छी तरह जांच जरूर करनी चाहिए.

मशरूम नमी वाली जगहों पर उगता है. बारिश में इसके जल्दी खराब होने का खतरा बढ़ जाता है. खराब या बासी मशरूम खाने से फूड पॉइजनिंग और पेट दर्द हो जाता है.

फूल गोभी और पत्ता गोभी मे कई परतें होती हैं, जिनमें छोटे कीड़े और गंदगी छिपी रह सकती है. पत्ता गोभी में अक्सर हरे रंग का कीड़ा होता है जो सही से दिखाई नहीं देता इसलिए इन्हें बनाने से पहले अच्छी तरह धोकर साफ करना बहुत जरूरी है.

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इंडोनेशिया में फेरी बोट में लगी आग, VIDEO: लोग जान बचाने समुद्र में कूदे; 5 की मौत, 271 लोग सवार थे, 41 लापता




इंडोनेशिया के मादुरा द्वीप के पास रविवार सुबह एक यात्री फेरी बोट में आग लग गई। इसके बाद लोग जान बचाने के लिए समुद्र में कूद गए। रॉयटर्स के मुताबिक, हादसे में कम से कम पांच लोगों की मौत हो गई, जबकि 41 लोग अब भी लापता हैं। इंडोनेशिया की राष्ट्रीय सर्च एंड रेस्क्यू एजेंसी के मुताबिक फेरी में कुल 271 यात्री और क्रू मेंबर सवार थे। कुछ लोग जान बचाने के लिए बोट से समुद्र में कूद गए। दोपहर तक 225 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि बाकी लोगों की तलाश जारी है। फेरी ईस्ट जावा प्रांत के सुराबाया से साउथ सुलावेसी के मकासार जा रही थी। इसी दौरान मादुरा द्वीप के पास उसमें आग लग गई। आग लगने की वजह साफ नहीं हो सकी है। फिलहाल लापता लोगों की तलाश के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। हादसे की 5 तस्वीरें… आग लगते ही फेरी में अफरा-तफरी मची हादसे के दौरान के कुछ विजुअल्स सोशल मीडिया पर सामने आए हैं। इनमें यात्री जलती हुई फेरी के अगले हिस्से की तरफ भागते हुए दिखाई दे रहे हैं। घटना के सामने आए वीडियो में आग फैलने के बाद कई लोग घबराए हुए थे। रॉयटर्स के मुताबिक, बचाव दल आसपास के समुद्री इलाके में लापता लोगों की तलाश कर रहा है। सर्च एंड रेस्क्यू एजेंसी के मुताबिक हादसे के बाद कई बचाव बोट्स और अन्य संसाधनों को मौके पर भेजा गया। राहत दल समुद्र में सर्च ऑपरेशन चला रहा है ताकि लापता लोगों का पता लगाया जा सके। अधिकारियों ने कहा कि ऑपरेशन अभी जारी है और मृतकों या लापता लोगों की संख्या में बदलाव हो सकता है। पिछले साल भी हुआ था ऐसा ही बड़ा हादसा इंडोनेशिया में पहले भी फेरी बोट में आग लगने के कई बड़े हादसे सामने आते रहे हैं। इंडोनेशिया में फेरी हादसे बार-बार क्यों होते हैं? बोटिंग करते समय यह जरूर ध्यान रखें… ————— ये खबर भी पढ़ें… वियतनाम में टूरिस्ट बोट पलटी, 15 भारतीयों की मौत:इनमें 10 तमिलनाडु, 3 आंध्र प्रदेश और 2 केरलम् के पर्यटक; 32 भारतीय सवार थे वियतनाम के फु क्वोक द्वीप के पास शनिवार को बोट पलट गई। हादसे में 2 महिलाओं समेत 15 भारतीयों की मौत हो गई। मरने वालों में 10 टूरिस्ट तमिलनाडु, 3 आंध्र प्रदेश और 2 केरलम् से थे। बोट पर कुल 4 क्रू मेंबर्स समेत 36 लोग सवार थे, जिसमें 32 भारतीय थे। 21 लोगों को बचा लिया गया है। पूरी खबर पढ़ें…



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Commonwealth Games 2026 LIVE: जूडो में इशरूप नारंग क्वार्टरफाइनल में, यश और अवतार हुए बाहर


Commonwealth Games 2026 LIVE: भारतीय एथलीट कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के अंतिम दिन मेडल मैच में उतरेंगे। जूडो एथलीट अवतार और यश आखिरी दिन बाहर हो गए हैं।

Commonwealth Games 2026 Live: Commonwealth Games 2026 Live: भारतीय एथलीट कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के आखिरी दिन भी मेडल मैच में उतरे हैं। भारत शानदार प्रदर्शन के साथ समापन करने की कोशिश में है। रविवार को जूडो स्पर्धा में पुरुषों के 100 किग्रा वर्ग के राउंड ऑफ 16 में अवतार सिंह, साइप्रस के एरिस्टोस माइकल से ‘इप्पोन’ से हारकर बाहर हो गए। यश घांघस भी कमाल नहीं दिखा सके। भारतीय साइकिलिस्ट हर्षवीर सिंह सेखों और दिनेश कुमार रविवार को यहां राष्ट्रमंडल खेलों के अंतिम दिन पुरुषों की 40 किमी प्वाइंट्स रेस के क्वालीफाइंग दौर में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद प्रतियोगिता से बाहर हो गए।

शनिवार को भारतीय मुक्केबाजी के लिए बेहद यादगार दिन रहा। भारत ने 7 स्वर्ण और 3 रजत पदक जीते। खेल के दसवें दिन भारत 13 स्वर्ण, 17 रजत और नौ कांस्य समेत 39 पदक लेकर तालिका में चौथे स्थान पर पहुंच गया । आस्ट्रेलिया के 61 स्वर्ण पदक हैं जबकि इंग्लैंड दूसरे और कनाडा तीसरे स्थान पर है । भारत के पास रविवार को प्रतियोगिता के अंतिम दिन इस रिकॉर्ड पदक संख्या में और इजाफा करने का मौका होगा। ईशरूप नारंग (महिला 78 किग्रा), अवतार सिंह (पुरुष 100 किग्रा) और यश घंघास (पुरुष 100 किग्रा से अधिक) अभी भी पदक की दौड़ में बने हुए हैं।

जूडो में नारंग ने क्वार्टरफाइनल में बनाई जगह

भारत की जूडो खिलाड़ी इशरूप नारंग ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के महिला -78 किग्रा वर्ग में स्कॉटलैंड की निकोल वुड को गोल्डन स्कोर में हराकर राउंड ऑफ 16 जीत लिया और क्वार्टरफाइनल में जगह बना ली। अवतार सिंह जूडो में पुरुषों के 100 किग्रा में माइकल से हारकर बाहर हो गए हैं। भारत के यश घांघस का कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का सफर पुरुषों के 100 किग्रा वर्ग के राउंड ऑफ 16 में वेल्स के जोशुआ व्हाइटहाउस से हारने के बाद खत्म हो गया।

मुक्केबाजों ने किया रिंग में कमाल :

मौजूदा विश्व चैम्पियन जैसमीन लंबोरिया (57 किलो) , प्रीति पवार (54 किलो), साक्षी चौधरी (51 किलो) , अरूंधति चौधरी (70 किलो) , प्रिया घंघास (60 किलो) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपने वजन वर्गों में स्वर्ण पदक जीते । वहीं ओलंपिक पदक विजेता लवलीना बोरगोहेन (75 किलो) को रजत पदक से संतोष करना पड़ा ।

पुरूष वर्ग में सचिन सिवाच (60 किलो) और अंकुश (70 किलो) ने स्वर्ण पदक जीते जबकि 55 किग्रा वर्ग में जादूमणि सिंह और 90 प्लस किलो स्पर्धा में नरेंदर बेरवाल ने रजत पदक जीता । इससे पहले भारत ने गोल्ड कोस्ट राष्ट्रमंडल खेल 2018 में मुक्केबाजी में तीन स्वर्ण समेत सात पदक जीते थे ।

जूडो में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन :

जूडो खिलाड़ी उन्नति शर्मा ने महिलाओं के 63 किग्रा से कम भार वर्ग में कांस्य पदक जीतकर भारत का इस स्पर्धा में ऐतिहासिक अभियान जारी रखा। यह जूडो में भारत का रिकॉर्ड चौथा पदक है। भारत के इस ऐतिहासिक अभियान की अगुआई हर्ष सिंह (पुरुष 60 किग्रा) और अस्मिता डे (महिला 48 किग्रा) ने की। दोनों अपने वर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर राष्ट्रमंडल खेलों की जूडो प्रतियोगिता में भारत के पहले स्वर्ण पदक विजेता बने। यामिनी मौर्य ने महिलाओं के 57 किग्रा वर्ग में रजत पदक जीतकर भारत के रिकॉर्ड पदक अभियान में अपना योगदान दिया।



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जमीनी विवाद को लेकर लाठी-पत्थर चले: तारबंदी करने के दौरान मारपीट, दोनों पक्षों के 10 लोग घायल – Bandikui News




दौसा जिले केसरीसिंहपुरा गांव में जमीनी विवाद को लेकर लाठी-डंडे चले। झगड़ें में दोनों पक्षों के 10 से अधिक लोग घायल हो गए। सभी घायलों को उपचार के लिए बांदीकुई उप जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मामला बांदीकुई के बसवा थाना क्षेत्र का सुबह 10 बजे का है। एएसआई शीशराम ने बताया- हमें सुबह 10 बजे सूचना मिली कि केसरीसिंहपुरा गांव में दो पक्षों में जमीन को लेकर विवाद हो गया है । 15 मिनट में मौके पर पहुंचे दोनों पक्षों को घायलों को 108 की सहायता से उप जिला अस्पताल बांदीकुई में भर्ती कराया । घायल नर्बदा देवी ने बताया- हमारे पड़ोसी सुबह हमारी जमीन पर कटीले तार बांध रहे थे। हमने विरोध किया तो हमारे साथ मारपीट करना शुरू कर दी। वो हमारी जमीन को खुद का बताने लग गए। उन्होंने हमारी महिलाओं के साथ भी मारपीट की। दूसरे पक्ष भोमाराम सैनी कहा- यह जमीन हमारी है । नर्बदा देवी पक्ष के लोग इसे अपनी मानकर हमें इस पर काम करने से रोक रहे थे । हमने इन्हें रोका तो हमारे साथ मारपीट की । ये हुए घायल घायलों में नर्मदा देवी सैनी (48), आशु सैनी (25), राजती देवी (48), सावित्री देवी (28), सुनीता (35), केशंता (60), रमेश (50), पंचूराम (60), पिंटू (22) और शांति देवी (65) शामिल हैं। इन सभी को बांदीकुई के उप जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।



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बंटवारे के विवाद के बीच पूर्व दरोगा को लगी गोली: फिरोजाबाद में लाइसेंसी रायफल जब्त, परिजन बोले- खुद को मारी – Firozabad News




फिरोजाबाद में थाना शिकोहाबाद क्षेत्र के नगला कन्हीं गांव में रविवार सुबह पारिवारिक संपत्ति के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में गोली चल गई। इस घटना में 75 वर्षीय सेवानिवृत्त उपनिरीक्षक और किसान नेता जयवीर सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद शिकोहाबाद के संयुक्त चिकित्सालय से मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। ग्रामीणों के अनुसार, यह घटना रविवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे हुई। परिवार में मकान के बंटवारे और दीवार निर्माण को लेकर विवाद चल रहा था, जिसके दौरान गोली चलने की बात सामने आई। गोली लगने से जयवीर सिंह घायल हो गए। गोली कैसे और किन परिस्थितियों में चली, इसे लेकर अलग-अलग बातें कही जा रही हैं। परिजनों का कहना है कि जयवीर सिंह अपने दोनों बेटों के बीच चल रहे संपत्ति विवाद और बंटवारे से लंबे समय से परेशान थे। उन्होंने दावा किया कि इसी तनाव के चलते जयवीर सिंह ने अपने कमरे में लाइसेंसी रायफल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या का प्रयास किया। वहीं, स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि गोली विवाद के दौरान चली थी। हालांकि, पुलिस ने अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी है। घटना के बाद, परिजन गंभीर रूप से घायल जयवीर सिंह को तत्काल संयुक्त चिकित्सालय शिकोहाबाद ले गए। चिकित्सकों ने उनकी हालत चिंताजनक बताते हुए उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। अस्पताल में परिजन घटना के संबंध में खुलकर कुछ भी बताने से बचते रहे। सूचना मिलने पर थाना शिकोहाबाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने लाइसेंसी रायफल को कब्जे में ले लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। आसपास के लोगों और परिजनों से पूछताछ की जा रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि यह आत्महत्या के प्रयास का मामला है या गोली किसी अन्य परिस्थिति में चली। थाना प्रभारी निरीक्षक अनुज राणा ने बताया कि गोली लगने की सूचना पर पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची थी। घायल व्यक्ति को उपचार के लिए रेफर किया गया है। घटना के सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है।



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नालंदा में करंट लगने से किसान की मौत: खेत पर पटवन के लिए गए थे, बिजली का तार टूटकर हाथ पर गिरा – Nalanda News




नालंदा में करंट लगने से किसान की मौत हो गई। खेत की सिंचाई(पटवान) के दौरान हादसा हुआ है। मृतक की पहचान बरनौसा गांव निवासी नरेश सिंह(50) के रूप में की गई है। घटना सिलाव थाना क्षेत्र की है।
तार में ‘टोका’ फंसाने के दौरान हुआ हादसा मृतक के भाई मुनील सिंह ने बताया कि नरेश सिंह अपने खेत में पटवन करने के लिए गए हुए थे। पाइप बिछाने और सेट करने के बाद मोटर चालू करने के लिए बिजली के तार में ‘टोका’ फंसा रहे थे। इसी दौरान अचानक एक टोका टूटकर उनके हाथ पर गिर गया, जिससे उन्हें बिजली का जोरदार झटका लगा। करंट लगने से जान चली गई। छानबीन में जुटी पुलिस सिलाव थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। परिजनों की ओर से अभी लिखित आवेदन नहीं मिला है। आवेदन मिलते ही नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।



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बालाघाट में आंदोलनकारी महिलाओं से मिलीं विधायक: शराब हटाने की मांग पर बोली-मुद्दा सदन तक ले जाएंगे; चार महीने से जारी है आंदोलन – Balaghat (Madhya Pradesh) News




बालाघाट मुख्यालय के बुढ़ी क्षेत्र में शराब दुकान हटाने की मांग को लेकर पिछले चार महीने से आंदोलन कर रही महिलाओं के समर्थन में शनिवार रात कांग्रेस विधायक अनुभा मुंजारे पहुंचीं। उन्होंने आंदोलनकारी महिलाओं से मुलाकात कर उनकी मांगों का समर्थन किया और सरकार के महिला हितैषी होने के दावों पर सवाल उठाए। साथ ही पुलिस के ‘नशे से दूरी है जरूरी’ अभियान की प्रासंगिकता पर भी सवाल खड़े किए। चार महीने से जारी है महिलाओं का आंदोलन बुढ़ी क्षेत्र की महिलाएं रहवासी इलाके से शराब दुकान हटाने की मांग को लेकर पिछले चार माह से आंदोलन कर रही हैं। उनका आरोप है कि लगातार विरोध के बावजूद प्रशासन ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। इस मामले में महिलाओं ने हाईकोर्ट का भी दरवाजा खटखटाया था, जहां से प्रशासन को समन्वय बनाकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए थे। विधायक अनुभा मुंजारे ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि चार महीने से महिलाएं आंदोलन कर रही हैं, लेकिन शासन-प्रशासन उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रहा। उन्होंने कहा कि जब रहवासी क्षेत्र से शराब दुकान नहीं हटाई जा रही है, तो पुलिस का ‘नशे से दूरी है जरूरी’ अभियान भी सवालों के घेरे में आता है। ‘सड़क से सदन तक उठाएंगे मुद्दा’ मुंजारे ने कहा कि प्रशासन को हाईकोर्ट के निर्देशों का पालन करते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कर जल्द निर्णय लेना चाहिए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि इस मुद्दे को सड़क से लेकर विधानसभा तक उठाया जाएगा। साथ ही बताया कि बालाघाट में नए कलेक्टर से उनकी पहली मुलाकात भी इसी विषय को लेकर होगी। महिलाओं ने दोहराई आंदोलन जारी रखने की चेतावनी आंदोलन का नेतृत्व कर रहीं महिला वाणी अड़मे ने कहा कि जब तक रहवासी क्षेत्र से शराब दुकान नहीं हटाई जाती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। महिलाओं ने प्रशासन से जल्द समाधान निकालने की मांग की है।



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उबलते पानी में चावल का आटा डालकर बनाएं चावल का फरा, जानिए आसान रेसिपी


Chawal Ka Fara Recipe: अगर आप रोज-रोज पोहा, पराठा, उपमा या ब्रेड खाकर बोर हो चुके हैं और नाश्ते में कुछ नया, स्वादिष्ट और हल्का बनाना चाहते हैं, तो उत्तर प्रदेश का पारंपरिक चावल का फरा आपके लिए बेहतरीन विकल्प हो सकता है. यह एक ऐसा पारंपरिक व्यंजन है जो स्वाद और सेहत दोनों का शानदार मेल माना जाता है. खास बात यह है कि इसे तलने की बजाय भाप में पकाया जाता है, जिससे इसमें तेल की मात्रा बहुत कम रहती है. इसके अंदर चने की दाल की मसालेदार स्टफिंग भरी जाती है और बाद में राई, जीरा और हींग के चटपटे तड़के के साथ इसे तैयार किया जाता है.

बाहर से हल्का और अंदर से स्वाद से भरपूर यह नाश्ता बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी को पसंद आता है. अगर सही तरीके से चावल का आटा गूंथा जाए और दाल की स्टफिंग तैयार की जाए, तो पहली बार में भी बिल्कुल परफेक्ट फरे बन सकते हैं. आइए जानते हैं इस पारंपरिक रेसिपी को बनाने का आसान तरीका.

क्या है चावल का फरा?
चावल का फरा उत्तर प्रदेश, खासकर पूर्वांचल और आसपास के इलाकों का लोकप्रिय पारंपरिक नाश्ता है. इसे चावल के आटे और चने की दाल की स्टफिंग से बनाया जाता है. पहले इसे भाप में पकाया जाता है और फिर हल्का तड़का लगाया जाता है. कम तेल में बनने की वजह से यह स्वादिष्ट होने के साथ हल्का भी माना जाता है.

बनाने के लिए जरूरी सामग्री
इस रेसिपी के लिए एक कप चावल का आटा, एक कप भीगी हुई चने की दाल, आधा कप पानी, थोड़ा देसी घी, अदरक, 2 से 3 हरी मिर्च, एक छोटा चम्मच जीरा, चुटकी भर हींग, हल्दी, लाल मिर्च पाउडर, राई, स्वादानुसार नमक, थोड़ा तेल और बारीक कटा हरा धनिया लें.

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सबसे पहले तैयार करें दाल की स्टफिंग
भीगी हुई चने की दाल को मिक्सर में डालें. इसमें अदरक, हरी मिर्च, जीरा, चुटकी भर हींग और बहुत थोड़ा पानी डालकर दरदरा पीस लें. अब इस मिश्रण में नमक और हल्दी मिलाकर अच्छी तरह मिक्स करें. आपकी स्वादिष्ट स्टफिंग तैयार है.

उबलते पानी से गूंथें चावल का आटा
एक पैन में आधा कप पानी, थोड़ा नमक और थोड़ा सा देसी घी डालकर उबाल लें. जैसे ही पानी उबलने लगे, गैस बंद कर दें और तुरंत चावल का आटा डाल दें. चम्मच से अच्छी तरह मिलाएं और बर्तन को ढककर 5 से 10 मिनट के लिए छोड़ दें. इसके बाद हल्के गीले हाथों से आटे को अच्छी तरह मसलकर मुलायम और चिकना गूंथ लें.

ऐसे तैयार करें फरे
आटे की छोटी-छोटी लोइयां बनाएं और उन्हें पतला बेल लें. अब किसी कटोरी या कटर की मदद से गोल आकार निकाल लें. बीच में चने की दाल की स्टफिंग रखें और इसे आधा मोड़ दें. ध्यान रखें कि किनारों को हल्का दबाएं लेकिन पूरी तरह बंद न करें. यही इसकी पारंपरिक पहचान है.

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भाप में पकाने का सही तरीका
स्टीमर या छलनी वाली प्लेट को हल्का सा तेल लगाकर ग्रीस करें. तैयार फरे उसमें रखें और ढक्कन लगाकर 10 से 15 मिनट तक मध्यम आंच पर भाप में पकाएं. जब फरे पक जाएं तो उन्हें बाहर निकालकर थोड़ा ठंडा होने दें.

तड़का लगाए बिना अधूरा है स्वाद
स्टीम किए हुए फरों को छोटे टुकड़ों में काट लें. अब एक पैन में थोड़ा तेल गर्म करें. इसमें राई, जीरा, हींग, हल्दी और लाल मिर्च पाउडर डालें. मसाले चटकने पर कटे हुए फरे डालें और हल्के हाथों से अच्छी तरह टॉस करें. आखिर में बारीक कटा हरा धनिया डालकर मिला दें.

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