भोपाल शहर की दो मल्टी लेवल पार्किंग में अब आप फॉस्टैग के जरिए भी शुल्क दे सकेंगे। इसके अलावा यूपीआई एवं मोबाइल एप आधारित डिजिटल पार्किंग व्यवस्था भी रहेगी। इसी साल 9 जुलाई से शहर की 5 मल्टी लेवल पार्किंग्स में कैशलेस पार्किंग की व्यवस्था प्रारंभ करते हुए पार्किंग शुल्क का नकद भुगतान पूर्णतः प्रतिबंधित किया जा चुका है। स्मार्ट पार्किंग व्यवस्था के तहत पार्किंग स्थलों के प्रवेश द्वार पर ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकगनेशन (एएनपीआर) कैमरा वाहन की नंबर प्लेट को स्वतः पहचानकर फॉस्टैग रीडर के माध्यम से वाहन के प्रवेश को डिजिटल रूप में दर्ज करता है। इसके बाद पार्किंग रिकॉर्ड स्वतः जनरेट हो जाता है। इसी तरह वाहन के पार्किंग स्थल के बाहर निकलते समय एएनपीआर कैमरा और फॉस्टैग आधारित सिस्टम से वाहन की पहचान की जाती है और निर्धारित पार्किंग शुल्क फॉस्टैग के माध्यम से डिजिटली संधारित किया जाता है। इस तरह भुगतान प्रक्रिया पूर्ण होने पर वाहन बिना आवश्यक मैन्यूअल पार्किंग स्थल से बाहर निकलते हैं। नई व्यवस्था से जल्दी आ-जा सकेंगे वाहन
नई व्यवस्था से पार्किंग स्थल पर आने वाले वाहन के प्रवेश एवं निकास की प्रक्रिया अधिक तेज और सुव्यवस्थित होती है और नागरिकों को अनावश्यक प्रतीक्षा नहीं करनी पड़ती। पार्किंग स्थलों पर फॉस्टैग के माध्यम से भुगतान को प्राथमिकता दी जा रही है। यदि किसी कारण से किसी वाहन में फॉस्ट टैग कार्य नहीं करता तो वाहन चालक के लिए क्यूआर कोड एवं यूपीआई आधारित भुगतान की वैकल्पिक सुविधा भी उपलब्ध है। उपरोक्त स्थितियों के अतिरिक्त आवश्यकता पड़ने पर नकद भुगतान की सुविधा भी उपलब्ध है।
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भोपाल की दो मल्टीलेवल पाकिंग में अब फॉस्टैग: न्यू मार्केट-एमपी नगर में UPI सिस्टम; मोबाइल एप से भी दे सकेंगे शुल्क – Bhopal News
जनसुनवाई में CM रेखा गुप्ता ने सुनीं दिल्लीवासियों की समस्याएं: अधिकारियों को दिए समयबद्ध समाधान के निर्देश – New Delhi News
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बुधवार को मुख्यमंत्री जनसेवा सदन में आयोजित जनसुनवाई के दौरान दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों से आए नागरिकों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने लोगों से सीधे संवाद करते हुए एक-एक कर उनकी शिकायतें जानीं और संबंधित अधिकारियों को मामलों की गंभीरता के अनुसार आवश्यक कार्रवाई करते हुए समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का दरवाजा जनता के लिए हमेशा खुला रहना चाहिए। नागरिक अपनी समस्याएं सीधे सरकार तक पहुंचा सकें, उनकी बात संवेदनशीलता से सुनी जाए और समाधान के लिए उन्हें अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, यही दिल्ली सरकार की कार्यसंस्कृति है। जनसुनवाई के दौरान शिक्षा, लंबित पुरस्कार राशि, जलभराव, सीवर, विद्युत सुरक्षा, सफाई, अवैध निर्माण और बिजली-पानी के कनेक्शन से जुड़ी शिकायतें मुख्यमंत्री के सामने रखी गईं। मुख्यमंत्री ने सभी मामलों को गंभीरता से सुनते हुए अधिकारियों को जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने और निर्धारित समय में समाधान सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने विद्यार्थियों की सुरक्षा और शिक्षा से जुड़े मामलों में विशेष संवेदनशीलता बरतने के निर्देश दिए। साथ ही लंबे समय से लंबित शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करने पर जोर दिया।
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पाली में 19 निर्दलीय प्रत्याशियों की नाम वापसी: कांग्रेस के जीवराज बोराणा ने भी किया विड्रॉल, बागियों को मनाने में जुटी भाजपा-कांग्रेस – Pali (Marwar) News
नगर निकाय चुनाव को लेकर पाली नगर निगम सहित जिले की नौ नगर पालिका में 60 उम्मीदवारों ने नाम वापस ले लिया। पाली नगर निगम की बात करे तो यहां से 19 प्रत्याशियों ने नाम वापस लिया है। कल गुरुवार को नाम वापसी का अंतिम दिन है। ऐसे में भाजपा और कांग्रेस पार्टी के पदाधिकारी बागियों को मनाने में जुटे है ताकि उनके फॉर्म विड्रॉल करवाकर डेमेज कंट्रोल किया जा सके। कांग्रेस जिलाध्यक्ष शिशुपालसिंह राजपुरोहित एवं भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील भंडारी ने कहा कि रूठे कार्यकर्ताओं को मनाने में जुटे है। कईयों को मनाककर फॉर्म विड्रॉल करवाया है। कल अंतिम दिन है नाम वापसी का ऐसे में शेष बागियों से भी मिल रहे है।
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JDU MLC बोले- आरक्षण कोई पार्टी खत्म नहीं कर सकती: गरीबों-दलितों के अधिकार से समझौता नहीं, मोतिहारी में कहा- कमजोर वर्गों के साथ जदयू खड़ा – Motihari (East Champaran) News
मोतिहारी में जदयू एमएलसी खालिद अनवर ने आरक्षण के मुद्दे पर अपनी पार्टी का रुख साफ किया। उन्होंने कहा कि आरक्षण संविधान से मिला अधिकार है और इसे कोई राजनीतिक दल खत्म नहीं कर सकता। देश की किसी भी पार्टी में इतनी हिम्मत नहीं है कि वह आरक्षण को खत्म कर सके। उन्होंने कहा कि जदयू हमेशा गरीब, दलित, पिछड़े और अन्य वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा के लिए खड़ा रहा है। खालिद अनवर ने कहा कि बिहार में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जातिगत गणना करवाई। इसके बाद आरक्षण का दायरा बढ़ा और सामाजिक न्याय को और मजबूती मिली। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दल, खासकर तेजस्वी यादव और अन्य विपक्षी दल, यह भ्रम फैलाने की कोशिश करते हैं कि सरकार बदलने पर आरक्षण खत्म हो जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसा होना संभव नहीं है। कमजोर वर्गों के खिलाफ फैसले का जदयू करेगा विरोध एमएलसी ने स्पष्ट कहा कि जनता दल (यूनाइटेड) ऐसे किसी भी कदम का समर्थन नहीं करेगा, जो गरीब, दलित, पिछड़े या अन्य कमजोर वर्गों के हितों के खिलाफ हो। उन्होंने कहा कि आरक्षण इन वर्गों के अधिकारों की रक्षा का महत्वपूर्ण माध्यम है और जदयू इसे बचाने के लिए पूरी ताकत से खड़ा रहेगा। गठबंधन में दलों की अपनी सोच, जदयू सामाजिक न्याय पर कायम एनडीए के दो सहयोगी दलों के दलित नेताओं के बीच आरक्षण के मुद्दे पर मतभेद को लेकर पूछे गए सवाल पर खालिद अनवर ने कहा कि बिहार में विकास करने वाली सरकार काम कर रही है। गठबंधन में शामिल दलों की अपनी-अपनी सोच हो सकती है, लेकिन जदयू सामाजिक न्याय और सभी को साथ लेकर चलने वाली विकास नीति पर कायम है। उन्होंने कहा कि पार्टी विचारों के मतभेद में उलझने के बजाय जनता के हितों को प्राथमिकता देती है। आरक्षण कमजोर करने की कोशिश हुई तो जदयू करेगा कड़ा विरोध खालिद अनवर ने कहा कि यदि कोई आरक्षण के अधिकार पर सवाल उठाएगा या इसे कमजोर करने की कोशिश करेगा, तो जदयू इसका कड़ा विरोध करेगा। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी ने कभी केवल सत्ता के लिए राजनीति नहीं की, बल्कि गरीब, दलित और पिछड़े वर्गों के हितों और उनके अधिकारों की रक्षा को हमेशा अपनी प्राथमिक राजनीतिक प्राथमिकता माना है।
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व्रत में खाएं बिना चीनी वाली मखाना खीर, खजूर से आएगी मिठास, बनाने का तरीका आसान
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सावन के व्रत में लंबे समय तक खाली पेट रहने से शरीर को पर्याप्त ऊर्जा और पोषण की जरूरत होती है. ऐसे में मखाना, दूध और ड्राई फ्रूट्स से तैयार खीर स्वाद के साथ पौष्टिक विकल्प बन सकती है. कोडरमा की कविता कुमारी की बताई इस रेसिपी में चीनी की जगह खजूर का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे खीर में प्राकृतिक मिठास आती है. खास बात यह है कि इसे घर पर आसानी से और कम समय में तैयार किया जा सकता है.
व्रत के दौरान शरीर को पर्याप्त ऊर्जा और पोषण मिलना भी जरूरी है. ऐसे में घर पर तैयार की जाने वाली मखाना खीर अच्छा विकल्प हो सकती है. यह स्वादिष्ट होने के साथ पौष्टिक भी होती है. खास बात यह है कि इसे बिना चीनी के भी तैयार किया जा सकता है. कोडरमा की कविता कुमारी ने व्रत के दौरान तुरंत ऊर्जा देने वाली मखाना खीर बनाने की आसान विधि साझा की है. उन्होंने बताया कि इसे बनाने के लिए मखाना, दूध, खजूर, बादाम, किशमिश और केसर की जरूरत होती है. इसमें अलग से चीनी डालने की जरूरत नहीं पड़ती है. खजूर खीर में प्राकृतिक मिठास देता है. इससे खीर का स्वाद भी बेहतर हो जाता है.
कविता ने बताया कि सबसे पहले जरूरत के अनुसार मखाना लें. एक फ्राइंग पैन में थोड़ा घी डालें. अब इसमें मखाना डालकर अच्छी तरह रोस्ट करें. मखाने को तब तक भूनें, जब तक वह कुरकुरा न हो जाए. इसके बाद गैस बंद कर दें. अब रोस्ट किए हुए मखाने का करीब 70 से 80 प्रतिशत हिस्सा मिक्सर ग्राइंडर में डालें. इसे बारीक पीस लें. पिसा हुआ मखाना खीर को गाढ़ा करने में मदद करेगा. इससे खीर का स्वाद और बनावट भी बेहतर होगी. कुछ रोस्ट किए हुए मखाने अलग रख लें. इन्हें बाद में खीर में डाला जाएगा.
इसके बाद एक बर्तन में दूध लें. इसे धीमी आंच पर गर्म करें. अब खजूर के बीज निकाल लें. इसके बाद खजूर को दूध में डाल दें. दूध और खजूर को धीमी आंच पर पकने दें. धीरे-धीरे खजूर दूध में घुलने लगेगा. इससे दूध में प्राकृतिक मिठास आ जाएगी. इससे खीर में अलग से चीनी डालने की जरूरत नहीं होगी. अब इसमें केसर डालें. कुछ देर तक दूध को धीमी आंच पर पकाएं. धीरे-धीरे दूध का रंग हल्का केसरिया होने लगेगा. साथ ही, इसमें केसर की खुशबू भी आने लगेगी.
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इसके बाद दूध में पिसा हुआ मखाना डालें. इसे अच्छी तरह मिलाएं. खीर को धीमी आंच पर लगातार पकाते रहें. मखाना दूध को धीरे-धीरे गाढ़ा करने लगेगा. इस दौरान खीर को बीच-बीच में चलाते रहें, ताकि यह बर्तन के तले में न लगे. जब खीर अच्छी तरह गाढ़ी होने लगे, तो इसमें कटे हुए बादाम और किशमिश डालें. इसे करीब एक से दो मिनट तक धीमी आंच पर पकाएं. इसके बाद पहले से बचाकर रखे गए रोस्ट किए हुए साबुत मखाने खीर में डालें. इन्हें डालने के बाद करीब एक मिनट तक और पकाएं. अब गैस बंद कर दें. तैयार मखाना खीर को एक बर्तन में निकाल लें. इसे गर्म या अपनी पसंद के अनुसार ठंडा करके भी परोसा जा सकता है.
कविता के अनुसार, यह खीर व्रत के दौरान खाने के लिए अच्छा विकल्प हो सकती है. इसमें मखाना, बादाम, किशमिश और खजूर जैसे खाद्य पदार्थ शामिल होते हैं. खजूर खीर में प्राकृतिक मिठास देता है. मखाना और ड्राई फ्रूट्स इसे अधिक पौष्टिक बनाते हैं. इसलिए व्रत के दौरान लंबे समय तक भूखे रहने के बजाय इसे सीमित मात्रा में लिया जा सकता है. बिना चीनी के तैयार होने के कारण यह सामान्य खीर से अलग विकल्प भी है. सावन में व्रत रखने वाले लोग इसे घर पर आसानी से तैयार कर सकते हैं. इसके लिए ज्यादा सामग्री की जरूरत नहीं होती है. कम समय में तैयार होने वाली यह खीर स्वाद और पोषण दोनों का बेहतर विकल्प बन सकती है.
भारत ने पाकिस्तान में हिंदू मंदिर गिराने की निंदा की: 100 साल पुराने मंदिर की जगह मदरसा बनाने का आरोप; इस्लामाबाद बोला- बारिश से गिरी इमारत
इस्लामाबाद4 घंटे पहले
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भारत ने पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में 100 साल से ज्यादा पुराने एक हिंदू मंदिर को गिराए जाने की कड़ी निंदा की है। यह मंदिर लाहौर से करीब 130 किलोमीटर दूर नारोवाल जिले के सिराज गांव में था। मंदिर को 21 अगस्त को गिराए जाने की खबर सामने आई थी।
हिंदू समुदाय के प्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों का आरोप है कि मंदिर को जानबूझकर गिराया गया, ताकि उसकी जमीन या आसपास की जमीन का इस्तेमाल मदरसा बनाने के लिए किया जा सके।
वहीं, पाकिस्तानी अधिकारियों का कहना है कि भारी बारिश के कारण मंदिर की इमारत अपने आप गिर गई।
भारत बोला- मंदिर की सुरक्षा नहीं कर पाए अधिकारी
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत ने इस घटना की खबरों को गंभीर चिंता के साथ देखा है। उन्होंने पाकिस्तान के सिराज गांव में ऐतिहासिक हिंदू मंदिर को नष्ट किए जाने की निंदा की।
भारत के मुताबिक, ऐसी घटनाएं पाकिस्तान में अल्पसंख्यक समुदायों की कमजोर स्थिति और उनके धार्मिक अधिकारों व पूजा स्थलों के गंभीर उल्लंघन को दिखाती हैं।

आरोप- कट्टरपंथियों ने जानबूझकर मंदिर गिराया
पाकिस्तान मसीहा मिल्लत पार्टी (PMMP), हिंदू समुदाय के प्रतिनिधियों और स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि कुछ धार्मिक कट्टरपंथियों ने जानबूझकर मंदिर को गिराया। PTI के मुताबिक, उनका आरोप है कि इसके बाद मंदिर की जमीन को पास के एक मदरसे के इस्तेमाल के लिए लेने की कोशिश की गई।
PMMP के अध्यक्ष असलम परवेज सहोत्रा ने सरकार से कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने बताया कि 28 अगस्त को उन्होंने पंजाब के अतिरिक्त गृह सचिव से मुलाकात कर लिखित शिकायत दी और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
सहोत्रा ने आरोप लगाया कि प्रतिबंधित दक्षिणपंथी इस्लामिक राजनीतिक संगठन तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (TLP) के कुछ लोग मंदिर गिराने में शामिल थे। मंदिर गिराए जाने के बाद उसके शिखर में लगे धातु के सामान, ईंटें और दूसरी सामग्री वहां से हटा दी गई।
सहोत्रा के मुताबिक, मंदिर से लगी जमीन को पहले इवैक्यूई ट्रस्ट प्रॉपर्टी बोर्ड (ETPB) ने मदरसा बनाने के लिए लीज पर दिया था। हालांकि, बाद में किराया नहीं चुकाने और जमीन का तय मकसद के लिए इस्तेमाल नहीं होने के आरोप में लीज रद्द कर दी गई थी।
पाकिस्तानी अधिकारी बोले- मंदिर का कोई रिकॉर्ड नहीं
पाकिस्तानी अधिकारियों ने इन आरोपों से अलग दावा किया है। ETPB के वरिष्ठ अधिकारी राणा इफ्तिखार ने कहा कि भारी बारिश के कारण मंदिर की इमारत गिर गई।
उन्होंने यह भी पुष्टि की कि मंदिर 100 साल से ज्यादा पुराना था। इफ्तिखार ने कहा कि रिकॉर्ड में मंदिर का कोई नाम दर्ज नहीं है, लेकिन यह करीब 100 से 125 साल पुरानी इमारत थी।
उन्होंने कहा कि मंदिर से लगी जमीन को भले ही एक धार्मिक शिक्षण संस्थान के लिए लीज पर दिया गया था, लेकिन मंदिर की अपनी जमीन किसी को लीज पर नहीं दी गई थी।
इफ्तिखार ने कहा कि मंदिर को दोबारा बनाया या बहाल किया जाएगा या नहीं, इसका फैसला ETPB के वरिष्ठ अधिकारी करेंगे।
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सऊदी अरब और तुर्किये से हुए रक्षा समझौते की आड़ में पाकिस्तान हथियारों का जखीरा बढ़ा रहा है। 19 से 21 अगस्त के बीच करीब 60 घंटे में तुर्किये के दर्जनों सैन्य विमानों ने पाकिस्तान के अलग-अलग एयरबेस पर लैंडिंग और टेकऑफ किया। पूरी खबर पढ़ें…
‘कलेक्टर हूं’ बोलकर होटल में खाया खाना, नहीं दिया बिल: इंदौर में पकड़ाया गुजरात का फर्जी IAS; कार और घर पर भी लगा रखी थी नेमप्लेट – Indore News
मध्य प्रदेश के इंदौर में पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है, जो खुद को जिला कलेक्टर बताकर लोगों को गुमराह कर रहा था। आरोपी ने किराए के मकान के बाहर ‘IAS राज सोनी, जिला कलेक्टर’ की नेमप्लेट लगाई थी। घर के अंदर ‘सत्यमेव जयते’ लिखे फोटो फ्रेम के साथ खुद को अधिकारी जैसा दिखाने की कोशिश की। पुलिस के मुताबिक आरोपी की पहचान हिमांशु पांचाल (28) के रूप में हुई है। वह अहमदाबाद के साबरमती का रहने वाला है। इंदौर की ओमैक्स सिटी-1 स्थित शुभ आंगन प्रीमियम कॉलोनी के मकान नंबर 1565-A में किराए से रह रहा था। उसने करीब 15 दिन पहले मकान के बाहर फर्जी नेमप्लेट लगाई थी। आरोपी बोला- PA पेमेंट कर देगा पुलिस ने बताया- आरोपी इंदौर के होटल शेरेटन में खाना खाने पहुंचा। बिल चुकाने की बात आई तो उसने कहा कि उसके पास अभी पैसे नहीं हैं। उसने होटल की सर्विस बुक में ‘राज सोनी’ नाम लिख दिया। कहा कि उसका PA करीब दो घंटे में आएगा और होटल का पेमेंट कर देगा। होटल प्रबंधन को उसकी बात पर संदेह हुआ। इसके बाद पुलिस को जानकारी दी गई। पूछताछ में आरोपी ने खुद को IAS अधिकारी और जिला कलेक्टर बताया। पुलिस ने उससे पोस्टिंग और पहचान से जुड़े सवाल किए, लेकिन वह संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। मकान के बाहर काले रंग की नेमप्लेट लगी थी पुलिस पूछताछ में उसकी पहचान की जांच की गई। आरोपी ने अपना असली नाम हिमांशु पांचाल बताया। पुलिस ने उसके किराए के मकान की जांच की, जहां भी फर्जी पहचान के सबूत मिले। मकान के बाहर काले रंग की नेमप्लेट लगी थी, जिस पर ‘IAS राज सोनी, जिला कलेक्टर’ लिखा था। घर के अंदर ‘सत्यमेव जयते’ लिखा फोटो फ्रेम भी रखा था। आरोपी करीब एक महीने पहले इंदौर में रहने आया था और लगभग 15 दिन पहले मकान के बाहर फर्जी नेमप्लेट लगाई थी। हिमांशु पांचाल पहले अहमदाबाद की एक IT कंपनी में काम करता था। परिवार में सिर्फ उसकी मां हैं। इंदौर पुलिस ने केस दर्ज कर गिरफ्तार किया होटल से मिली शिकायत और जांच के बाद इंदौर की लसूडिया पुलिस ने हिमांशु पांचाल के खिलाफ मामला दर्ज किया। उस पर BNS की धारा 204 के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने बताया- आरोपी के खिलाफ गुजरात के गांधीनगर स्थित अडालज थाने में भी मामला दर्ज है। वहां 23 मई 2026 को उसके खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया था। यह मामला FIR नंबर 441/2026 है। फिलहाल पुलिस जांच कर रही है कि आरोपी ने IAS और जिला कलेक्टर की फर्जी पहचान क्यों बनाई थी। उसने इस पहचान के जरिए किसी से वसूली तो नहीं की। खुद को IAS अधिकारी बताकर किन-किन लोगों को प्रभावित किया। इस फर्जी पहचान का इस्तेमाल कहां-कहां किया।
……………………………………… यह खबर भी पढ़ें फर्जी IAS ने लाल साड़ी में विधानसभा में बनाया VIDEO मध्य प्रदेश के अशोकनगर जिले के चंदेरी में फर्जी IAS बनकर लोगों से ठगी के आरोप में गिरफ्तार तृप्ति सिंह राजपूत से जुड़े नए VIDEO सामने आए हैं। इनमें तृप्ति अपनी दो सहेलियों के साथ विधानसभा परिसर में घूमती और ब्लॉग बनाती नजर आ रही है। पढ़ें पूरी खबर…
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पारिवारिक विवाद के बाद युवक ने नदी में लगाई छलांग: दो घंटे तलाश के बाद भी नहीं मिला, गोताखोर और पीएसी फ्लड टीम जुटी – Sitapur News
सीतापुर में शहर कोतवाली क्षेत्र में बुधवार शाम करीब 6 बजे पारिवारिक विवाद के बाद एक युवक ने सरायन नदी पर बने पुल से छलांग लगा दी। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय गोताखोरों और पीएसी की फ्लड टीम की मदद से नदी में युवक की तलाश शुरू कराई। करीब दो घंटे तक चले रेस्क्यू अभियान के बावजूद युवक का कोई सुराग नहीं लग सका। पत्नी और साले से विवाद के बाद घर से निकला मोहल्ला मछली मंडी निवासी 45 वर्षीय दिनेश पुत्र रामकिशन बुधवार शाम घर पर था। बताया जा रहा है कि शाम करीब 6 बजे किसी बात को लेकर उसका पत्नी और पत्नी के भाई से विवाद हो गया। विवाद के बाद दिनेश घर से निकल गया। कुछ देर बाद वह घर के पास ही सरायन नदी के पुल पर पहुंच गया। पुल से नदी में लगाई छलांग प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक दिनेश ने अचानक पुल से नदी में छलांग लगा दी। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए। नदी में पानी का बहाव तेज होने के कारण उसका पता नहीं चल सका। परिजनों ने घटना की सूचना पुलिस को दी। गोताखोरों और पीएसी फ्लड टीम ने चलाया रेस्क्यू सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थानीय गोताखोरों को बुलाया। इसके साथ ही पीएसी की फ्लड टीम को भी तलाश अभियान में लगाया गया। गोताखोरों और फ्लड टीम ने नदी में आसपास के क्षेत्र में काफी दूर तक खोजबीन की, लेकिन देर शाम तक दिनेश का कोई सुराग नहीं मिला। घटना के बाद दिनेश की पत्नी और दो बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के लोग नदी किनारे मौजूद रहकर उसके सकुशल मिलने की उम्मीद लगाए हुए हैं। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास भी जानकारी जुटाई है। फिलहाल युवक की तलाश में रेस्क्यू अभियान जारी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और पारिवारिक विवाद के कारणों की जानकारी जुटा रही है।
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बालाघाट अस्पताल में बच्चों के वार्डों में सुरक्षा बढ़ाई गई: सीएस बोले- बीमारी के 5 फैक्टर पानी, कुपोषण, वैक्सीनेशन, इम्युनिटी और वातावरण जिम्मेदार – Balaghat (Madhya Pradesh) News
बालाघाट जिला अस्पताल में बच्चों के वार्डों की सुरक्षा बढ़ाई जा रही है। अस्पताल प्रबंधन ने यह फैसला आदिवासी इलाकों से लगातार बच्चों के भर्ती होने और उनकी मौतों पर उठ रहे सवालों के बाद लिया है। अब बीमार बच्चों और उनके परिजनों के ठहरने वाले वार्डों में आने-जाने के लिए सिर्फ दो गेट खुले रहेंगे। इन वार्डों में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी। साथ ही सुरक्षा गार्डों की संख्या भी बढ़ाई जा रही है और पुलिस सुरक्षा भी तैनात की जाएगी। यह कदम ऐसे समय उठाया गया है, जब प्रशासन पर मीडिया से मरीजों और परिजनों को दूर रखने के आरोप लग रहे हैं। यह बदलाव मंगलवार रात कलेक्टर कुमार सत्यम के अस्पताल दौरे के बाद आया है। वे पहली बार बीमारी से भर्ती बच्चों को देखने पहुंचे थे। इस दौरान एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर ने उनसे बच्चों की मौत के आंकड़ों पर सवाल किए, लेकिन कलेक्टर बिना जवाब दिए चले गए। इसके बाद इन्फ्लुएंसर ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर इस घटना के वीडियो पोस्ट किए। इसी घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन ने आदिवासी अंचल से आने वाले बीमार बच्चों और उनके परिजनों के लिए सुरक्षा घेरा बनाने का फैसला किया है। सिविल सर्जन डॉ. निलय जैन ने आदिवासी क्षेत्र में बच्चों की बीमारी के पांच मुख्य कारण बताए हैं। इनमें पानी, कुपोषण, वैक्सीनेशन, इम्युनिटी और वातावरण शामिल हैं। हालांकि, जिले का मीडिया शुरुआत से ही बीमारी के लिए पानी, कुपोषण और वैक्सीनेशन को जिम्मेदार ठहराता रहा है। 35 नए बेड मिले डॉ. जैन ने बताया कि उनके पत्र लिखने के बाद 35 नए बेड मिले हैं। प्रशासन की ओर से मिल रहे बेड मिलाकर अब कुल 150 बेड हो गए हैं। इससे बच्चों को एक ही बेड पर एक साथ रखने की स्थिति नहीं बनेगी। उन्होंने यह भी बताया कि तीन शिशुरोग विशेषज्ञ और अतिरिक्त नर्सिंग स्टाफ भी बालाघाट आ रहा है। उन्होंने बताया कि लगातार बच्चों के जिला अस्पताल आने और उनके स्वास्थ्य होकर लौटने का सिलसिला जारी है। उन्होंने बताया कि अस्पताल प्रबंधन पूरा प्रयास कर रहा है कि बच्चों की बेहतर देखभाल हो।
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