Wednesday, September 30, 2026
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इटावा में गलत ऑपरेशन का आरोप, अस्पताल के बाहर हंगामा: परिजनों ने डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप लगाया, 5 लाख लेने का भी आरोप – Etawah News




इटावा में फ्रेंड्स कॉलोनी क्षेत्र स्थित मां भगवती हॉस्पिटल के बाहर मंगलवार रात करीब 10 बजे से मरीज के परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। आक्रोशित परिजनों ने डॉक्टर के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्रवाई की मांग की। मरीज का गलत इलाज करने का आरोप लगाकर धरना दिया। रात करीब डेढ़ बजे तक पीड़ित और हॉस्पिटल संचालक से बातचीत चलती रही। जानकारी के अनुसार 35 वर्षीय सोल्जर निवासी सरैया भरथना का बीते 4 अगस्त को मीठेपुर में एक्सीडेंट हो गया था। 6 अगस्त को सोल्जर को मां भगवती हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया, जहां उसके पेट का ऑपरेशन हुआ। 20 दिन बाद मरीज के जब उसकी ड्रेसिंग होनी थी तो मरीज के सारे टांके खुले हुए थे। परिजनों का आरोप है कि मरीज के इलाज में लापरवाही बरती गई और गलत तरीके से ऑपरेशन किए जाने के बाद उसकी हालत बिगड़ गई। पत्नी कहना है कि अस्पताल प्रबंधन ने मरीज को ठीक करने की जिम्मेदारी ली थी, लेकिन हालत बिगड़ने के बाद अब इलाज करने से इनकार किया जा रहा है। पेट के दो बार ऑपरेशन मनतशा के अनुसार मरीज के पैर और पेट का ऑपरेशन हुआ था। पैर का ऑपरेशन दूसरे अस्पताल में कराया गया था, जबकि पेट का दो बार ऑपरेशन किया गया। उनका आरोप है कि पहले ऑपरेशन के कुछ दिन बाद मरीज के पेट के पूरे टांके खुल गए थे।

दोबारा टांके लगाकर भेजा परिजन का कहना है कि टांके खुलने के बाद अस्पताल में दोबारा टांके लगाए गए और मरीज को घर भेज दिया गया। उस समय अस्पताल की ओर से कहा गया कि अब कोई परेशानी नहीं होगी और मरीज ठीक हो जाएगा, लेकिन घर जाने के बाद फिर से पेट के टांके खुल गए। पांच लाख रुपये लेने का आरोप मनतशा ने आरोप लगाया कि इलाज के लिए डॉक्टर ने उनसे करीब पांच लाख रुपये लिए थे और मरीज को ठीक करने की जिम्मेदारी ली थी। दोबारा हालत बिगड़ने पर जब मरीज को अस्पताल लाया गया तो डॉक्टर ने उसे कहीं और ले जाने के लिए कह दिया। पुलिस ने परिजनों को समझाया

हंगामे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आक्रोशित परिजनों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि परिजन डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई और पूरे मामले की जांच कराने की मांग पर अड़े रहे। मनतशा ने आरोप लगाया कि अस्पताल में उनके साथ बदतमीजी की गई और फोन तोड़ने की धमकी दी गई। उनका कहना है कि अब अस्पताल का स्टाफ और डॉक्टर वहां से चले गए हैं। परिजन मामले की जांच कराकर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। इस मामले पर हॉस्पिटल संचालक की की ओर से कोई पक्ष रखने को तैयार नहीं हुआ।



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राजस्थान-चपरासी बनने के लिए 24 पुलिस कॉन्स्टेबल ने नौकरी छोड़ी: हेल्थ डिपार्टमेंट में करेंगे जॉइन; रेलवे, सीआरपीएफ और बीएसएफ भी छोड़कर आए कैंडिडेट – Rajasthan News




लंबी ड्यूटी और ज्यादा तनाव के चलते युवा अब पुलिस की नौकरी छोड़कर चपरासी बनने को प्राथमिकता दे रहे हैं। हाल ही में प्रदेश में चपरासी के 53,749 पदों पर भर्ती हुई थी, जिनमें से 7903 पद स्वास्थ्य विभाग में थे। हेल्थ डिपार्टमेंट में चयनित 24 कर्मियों ने पुलिस विभाग में सिपाही के पद से इस्तीफा दे दिया है। इन्हें सीएमएचओ व बीसीएमएचओ ऑफिस, सीएचसी और पीएचसी में पोस्टिंग मिली है। चपरासी की पोस्ट पर जॉइन करने वालों में रेलवे, बीएसएफ व सीआरपीएफ छोड़कर आए कैंडिडेट भी हैं। इनका मानना है कि इस नौकरी में घर के पास तैनाती मिल सकेगी और तनाव भी कम होगा। दावा- पारिवारिक जीवन प्रभावित हो रहा था चपरासी भर्ती में सिलेक्ट कैंडिडेट्स का दावा है कि पुलिस में ड्यूटी का समय तय नहीं है। कानून-व्यवस्था बिगड़ने, वीआईपी मूवमेंट या अपराध की घटना पर 16 से 24 घंटे तैनात रहना पड़ता है। नाइट ड्यूटी और त्योहारों पर छुट्टी न मिलने के कारण निजी और पारिवारिक जीवन प्रभावित होता है। स्वास्थ्य विभाग में ब्लॉक, सीएचसी और पीएचसी स्तर पर पोस्टिंग मिलने से कर्मचारियों को अपने गृह जिले या गांव के करीब रहने की सुविधा मिल जाती है, जबकि पुलिस में दूरदराज जिलों और थानों में तैनाती आम है। 7वें वेतन आयोग के मुताबिक दोनों पदों की ग्रेड पे में सिर्फ 700 रुपए का अंतर है। रेलवे और दूसरे डिपार्टमेंट से भी आए कैंडिडेट हेल्थ डिपार्टमेंट में चपरासी की जॉइनिंग के लिए पुलिस के साथ दूसरे डिपार्टमेंट के एम्पलॉयी भी हैं। इनमें रेलवे ग्रुप-डी के 11 कर्मचारी, बीएसएफ व सीआरपीएफ के 1-1 कांस्टेबल व 1 आयकर विभाग का एमटीएस भी शामिल है। पुलिस विभाग में त्यागपत्र की औपचारिकताएं पूरी नहीं होने के कारण इन अभ्यर्थियों ने स्वास्थ्य विभाग को कार्यग्रहण के लिए समय बढ़ाने का आवेदन दिया था, जिस पर विभाग ने इन्हें 23 नवंबर तक जॉइन करने का समय दिया है। इस्तीफा स्वीकार नहीं हुआ हेल्थ डिपार्टमेंट ने सिलेक्टेड कैंडिडेट को जॉइनिंग के लिए 23 नवंबर तक का समय दिया है। लेकिन कुछ कैंडिडेट्स का दावा है कि वे अभी जिस विभाग में हैं, वहां उनका इस्तीफा अब तक स्वीकार नहीं किया गया है। जयसिंह मीना: ब्यावर पुलिस में कांस्टेबल हैं। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती में चयन के बाद स्वास्थ्य विभाग अलॉट किया गया। विभाग ने 10 अगस्त को पोस्टिंग जहाजपुर (भीलवाड़ा) एसडीएच में की थी। जयसिंह ने कांस्टेबल की नौकरी से त्यागपत्र दे दिया है, जो अभी स्वीकार नहीं हुआ है। स्वास्थ्य विभाग ने जॉइनिंग के लिए 2 माह दिया है. राकेश माली: ब्यावर पुलिस में कांस्टेबल माली को भी स्वास्थ्य विभाग अलॉट हुआ है। विभाग ने इन्हें अजमेर की मेहरू कलां पीएचसी में पोस्टिंग दी है। इसके बाद राकेश ने कांस्टेबल की नौकरी से इस्तीफा दिया है। ये अभी तक स्वीकार नहीं हुआ है। उन्हें चपरासी पद पर जॉइनिंग के लिए 2 माह का समय मिला है। तेजराज सिंह: कोटा पुलिस में कांस्टेबल हैं। चपरासी की पोस्ट पर सिलेक्ट होने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने इनकी पोस्टिंग कोटा के इटावा इलाके की ढिपरी चंबल पीएचसी में की है। कांस्टेबल की नौकरी से उनका इस्तीफा अभी स्वीकार नहीं हुआ है।



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सेंसेक्स 175 अंक चढ़ा, निफ्टी 22,730 पर, जानें मार्केट की लेटेस्ट अपडेट्स


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पिछले दो कारोबारी दिनों की गिरावट के बाद 30 सितंबर को भारतीय शेयर बाजार में मजबूती के साथ कारोबार शुरू हुआ. सेंसेक्स 175 अंक चढ़ा. निफ्टी 15 अंक की बढ़त के साथ 22,730 के स्तर पर पहुंचा. एशियाई बाजारों में मिला-…और पढ़ें

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शेयर बाजार में आज 30 सितंबर को सुस्त कारोबार शुरू होने के संकेत मिल रहे हैं.

पिछले दो कारोबारी दिनों से बाजार में गिरावट देखने को मिली है. लेकिन आज 30 सितंबर को बाजार की मजबूत शुरुआत हुई है. सेंसेक्स 175 अंक चढ़कर कारोबार कर रहा है और निफ्टी 15 अंक उछलकर 22,730 पर ट्रेड कर रहा है. सुबह 7 बजे एशियाई बाजारों में हेंगसेंग 0.53 फीसदी और शंघाई इंडेक्स 0.02 फीसदी गिरकर कारोबार कर रहा था. हालांकि, निक्कई 1.20 फीसदी और कोस्पी 0.50 फीसदी की बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे.

September 30, 202609:49 IST

Apollo Hospitals के शेयर 2% से ज्यादा गिरे

Apollo Hospitals Enterprises के शेयर आज 2.28% गिरकर ₹8,462 पर आ गए.

September 30, 202609:48 IST

Adani Enterprises के शेयर प्राइस में गिरावट

Adani Enterprises Share Price: 2.15% गिरा शेयर अब ₹2,908.90 पर पहुंचा है.

September 30, 202609:20 IST

कैसी हुई शेयर बाजार की ओपनिंग?

शेयर बाजार की सुस्त शुरुआत हुई है. सेंसेक्स 80 अंक उछलकर 72600 के पास खुला है और निफ्टी 13 अंक गिरकर 22,700 पर ओपन हुआ है.

September 30, 202607:52 IST

₹10,000 करोड़ के IPO की तैयारी

रिन्यूएबल एनर्जी प्लेटफॉर्म Inox Clean Energy ने ₹10,000 करोड़ के IPO के लिए ड्राफ्ट पेपर दाखिल किए हैं. इस पब्लिक इश्यू में ₹8,000 करोड़ के नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे, जबकि प्रमोटर देवांश जैन ₹2,000 करोड़ तक के शेयर ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए बेचेंगे.

September 30, 202607:32 IST

मंगलवार को बाजार में छाई बिकवाली

29 सितंबर को भारतीय शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव भरे कारोबार के बीच लगातार दूसरे दिन गिरावट रही. निफ्टी करीब 22,700 के स्तर पर बंद हुआ.बाजार कमजोर शुरुआत के बाद दिन में 22,569.65 के निचले स्तर तक पहुंचा. हालांकि, बीच में रिकवरी देखने को मिली, लेकिन ईरान युद्ध को लेकर शांति समझौते की संभावनाओं पर अनिश्चितता, विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली, कमजोर रुपया, बढ़ती कच्चे तेल की कीमतें और ऊंची अमेरिकी बॉन्ड यील्ड ने बाजार की धारणा पर दबाव बनाए रखा.



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सीहोर में टाइगर का आतंक, बकरी का किया शिकार: वन विभाग ने जारी किया अलर्ट, ग्रामीणों से अकेले जंगल नहीं जाने की अपील – Sehore News




​सीहोर जिले के आसपास के ग्रामीण एवं वन क्षेत्रों में हिंसक वन्य प्राणी संभवतः बाघ की मौजूदगी से भारी दहशत का माहौल बन गया है। बीती रात जहांगीरपुरा क्षेत्र में एक हिंसक वन्य प्राणी ने ग्रामीण के मवेशी बकरी पर हमला कर उसका शिकार कर लिया। घटना के बाद से ही ग्रामीणों में भय व्याप्त है। ​इसी बीच, धवोटी से धामनखेड़ा मार्ग पर आज फिर हिंसक प्राणी दिखाई देने की खबर सामने आई है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे कोनाझिर और कालापहाड़ क्षेत्र का बताया जा रहा है। इस मार्ग से होकर गुजरने वाले राहगीरों तथा विशेष रूप स ड्यूटी पर जाने वाले शिक्षक साथियों को सतर्कता व सावधानी बरतते हुए आवाजाही करने की सलाह दी जा रही है। ​वन विभाग का लाउडस्पीकर से ऐलान किया जंगल की ओर न जाएं ​घटना की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग का अमला तुरंत हरकत में आया और प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर मुनादी लाउडस्पीकर से ऐलान करवाकर ग्रामीणों को सावधान किया। ​वन अधिकारी ने लाउडस्पीकर के माध्यम से ग्रामीणों को चेतावनी देते हुए कहा जहांगीरपुरा के समस्त ग्रामवासियों को सूचित किया जाता है कि वन क्षेत्र में हिंसक वन्य प्राणी की मौजूदगी की संभावना है। कृपया कोई भी व्यक्ति अकेले जंगल की ओर न जाए। साथ ही अपने पालतू मवेशियों को भी चरने के लिए वन क्षेत्र में न भेजें। ​फोटो-वीडियो बनाने की गलती न करें, अफवाहों से बचें ​वन विभाग के अधिकारी ने ग्रामीणों से संयम और सतर्कता बरतने की अपील की है। उन्होंने हिदायत दी कि ​किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें। ​यदि कोई हिंसक वन्य प्राणी दिखाई देता है, तो उसकी फोटो या वीडियो बनाने की कोशिश बिल्कुल न करें, इससे प्राणी आक्रामक हो सकता है। ​किसी भी संदिग्ध गतिविधि या वन्य प्राणी के दिखने पर तुरंत वन विभाग को सूचना दें। ​वन विभाग ने आपातकालीन स्थिति के लिए अपना संपर्क नंबर जारी किया है और आश्वस्त किया है कि विभाग की टीम ग्रामीणों की सुरक्षा के लिए 24 घंटे तत्पर है।



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बेगूसराय- लड़की से होटल में रेप-मारपीट का मुख्य आरोपी अरेस्ट: समस्तीपुर से एसआईटी ने दबोचा, गिरफ्तारी के बाद भागने के दौरान हुआ घायल – Begusarai News




बेगूसराय नगर थाना क्षेत्र के एक होटल में 22 साल की युवती के साथ बर्बरतापूर्ण पिटाई के बाद रेप के बाद अलग-अलग एंगल के वीडियो वायरल करने के मुख्य आरोपी को समस्तीपुर से गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले मंगलवार दोपहर में ही पहले आरोपी को गिरफ्तार किया गया था। दोनों से पूछताछ एवं आगे की कार्रवाई चल रही है। एसपी मनीष के निर्देश पर सदर-वन डीएसपी इमरान अहमद एवं नगर थाना अध्यक्ष सतीश कुमार हिमांशु के नेतृत्व में बनी पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम ने दोनों आरोपी को प्राथमिक की दर्ज होने के 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपी रिश्ते में जीजा-साला समस्तीपुर से पकड़े गए आरोपी की राहुल जबकि दोपहर बाद गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान विक्रम के रूप में हुई है। आरोप है कि पीड़िता को होटल तक लोहिया नगर के रहने वाले विक्रम सहनी ने पहुंचाया था। विक्रम की गिरफ्तारी के बाद उससे मिले इनपुट के आधार पर पुलिस मुख्य आरोपी राहुल को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार किए गए राहुल और विक्रम सहनी रिश्ते में जीजा-साला हैं। गिरफ्तारी के लिए एसटीएफ और एसआईटी एक्टिव मोड में थी जानकारी के मुताबिक, घटना की जानकारी के बाद एसटीएफ और एसआईटी दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एक्टिव मोड में थी। टेक्निकल सर्विलांस समेत अन्य पहलुओं पर इन्वेस्टिगेशन करते हुए कार्रवाई की जा रही थी। इसी दौरान पुलिस को इनपुट मिला कि रोहित सहनी नेपाल भगाने के चक्कर में समस्तीपुर जिले के मोहद्दीनगर में छिपा हुआ है। सूचना मिलते ही नगर थानाध्यक्ष सतीश कुमार हिमांशु समेत पुलिस की स्पेशल टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर दिया। इसके बाद आरोपी ने भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने खदेड़ कर पकड़ लिया। वहां से पकड़ने के बाद पुलिस जब बेगूसराय लेकर आ रही थी। टॉयलेट करने के बहाने रुकवाई पुलिस की जीप रास्ते में सुल्तानपुर के समीप रोहित ने काफी तेज जा पेशाब लगने के कारण पुलिस कर्मियों से रुकने का अनुरोध किया। पुलिस की गाड़ी रुकने के लिए स्लो होते ही रोहित ने पुलिस की गाड़ी से कूद कर भागने लगा। लेकिन पुलिसकर्मियों ने खदेड़ कर उसे पकड़ लिया। इसी दौरान गाड़ी से कूदने के दौरान गड्ढा में भागते समय गिरने से रोहित बुरी तरह से चोटिल हो गया। उसके दाहिने पैर के घुटने में गंभीर चोट लगी। जहां से उसे बछवाड़ा अस्पताल में प्राथमिक उपचार कराया गया। सूचना मिलते ही एसपी बछवाड़ा पहुंचे और आरोपी रोहित को बेगूसराय सदर अस्पताल लाया गया। एसपी बोले- आरोपियों ने कबूल किया जुर्म एसपी मनीष ने बताया है कि होटल में महिला के साथ हुई घटना का वायरल हुए वीडियो मामले में दोनों आरोपी को प्राथमिकी दर्ज करने के 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया गया है। एक आरोपी विक्रम सहनी को मंगलवार के दिन में ही बेगूसराय शहर से गिरफ्तार कर लिया गया था। जबकि दूसरे मुख्य आरोपी रोहित सहनी की गिरफ्तारी के लिए लगातार कार्रवाई चल रही थी। इसी दौरान रोहित को समस्तीपुर जिले के मोहद्दीनगर से गिरफ्तार किया गया है। अभी इलाज कराया जा रहा है। उसके बाद पूछताछ में पता चलेगा कि वह कहीं भागने के चक्कर में था या क्या कर रहा था। घटनाक्रम में आरोपी रोहित ने अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है।



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अमेरिका में 2 भारतीयों पर नकली दवा बेचने का आरोप: चीन से मंगाते थे वजन घटाने की दवा, 71 साल की सजा हो सकती है


वॉशिंगटन डीसी19 मिनट पहले

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अमेरिका में वजल घटाने की नकली दवा (ओजेम्पिक) बेचने के आरोप में दो भारतीय नागरिकों पर केस दर्ज किया गया है।

अमेरिकी कोर्ट में दाखिल आरोपों के मुताबिक, दोनों ने चीन से कम दाम पर नकली दवा मंगाकर अमेरिका में डिस्ट्रीब्यूटर्स को बेची। दोषी साबित होने पर दोनों को ज्यादा से ज्यादा 71 साल तक की जेल की सजा हो सकती है।

अमेरिकी FDA ने ओजेम्पिक को 2017 में टाइप-2 डायबिटीज के इलाज के लिए मंजूरी दी थी।

अमेरिकी FDA ने ओजेम्पिक को 2017 में टाइप-2 डायबिटीज के इलाज के लिए मंजूरी दी थी।

नकली दवा की पैकिंग बिल्कुल असली जैसी थी

जांच में पता चला कि दवा की पैकिंग बिल्कुल असली जैसी हई थी। बॉक्स, दवा की जानकारी वाली पर्ची, इंजेक्शन पेन का लेबल और सुई तक असली जैसी थी, ताकि लोगों को लगे कि वे कंपनी की असली दवा खरीद रहे हैं।

दोनों आरोपियों की पहचान स्वप्नदीप रॉय और विक्की रमनचा के रूप में हुई है।

एक आरोपी के खिलाफ इंटरपोल का रेड नोटिस जारी हुआ था

अमेरिकी दवा नियामक FDA ने दिसंबर 2023 में नकली ओजेम्पिक की कुछ खेप पकड़ी थी और लोगों को सावधान भी किया था।

आरोप है कि इसके बाद भी दोनों दवा बेचते रहे। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, स्वप्नदीप रॉय को इटली में गिरफ्तार किया गया था।

उसके खिलाफ इंटरपोल का रेड नोटिस भी जारी हुआ था। यानी दुनिया के दूसरे देशों को उसकी तलाश और गिरफ्तारी के लिए अलर्ट किया गया था।

बाद में अमेरिका ने इटली से प्रत्यर्पण की मांग की। मंगलवार को उसे फ्लोरिडा के टैम्पा शहर की अदालत में पेश किया गया।

रॉय और रमनचा पर कुल 6 आरोप लगाए गए हैं। इनमें तस्करी की साजिश, तस्करी और नकली दवा बेचने जैसे मामले शामिल हैं।

अमेरिका नकली दवाओं पर कैसे नजर रखता है?

अमेरिका में नकली दवाओं को रोकने के लिए पूरी दवा सप्लाई चेन पर नजर रखी जाती है। दवा बनाने वाली कंपनी से लेकर थोक विक्रेता और मेडिकल स्टोर तक, सभी को लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन रखना होता है।

कई दवाओं का रिकॉर्ड इलेक्ट्रॉनिक तरीके से ट्रैक किया जाता है, ताकि पता चल सके कि दवा कहां बनी, कहां गई और किसने बेची। मेडिकल स्टोर को भी दवा खरीदने और बेचने का रिकॉर्ड संभालकर रखना पड़ता है।

अगर किसी दवा के नकली होने का शक होता है, तो उसे तुरंत अलग कर जांच की जाती है। नकली साबित होने पर इसकी जानकारी FDA को दी जाती है और दवा को बाजार से हटाया जाता है।

इसके बावजूद कभी-कभी नकली दवाएं ऑनलाइन बिक्री, तस्करी या अवैध सप्लायरों के जरिए सिस्टम में घुस जाती हैं। ऐसे मामलों में FDA और दूसरी एजेंसियां जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करती हैं।

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अमेरिका में गोल्डी बराड़ पर ₹10 करोड़ का इनाम: FBI की टॉप-10 मोस्ट वॉन्टेड लिस्ट में

अमेरिकी जांच एजेंसी FBI ने गैंगस्टर सतिंदरजीत सिंह उर्फ गोल्डी बराड़ को टॉप 10 मोस्ट वॉन्टेड की सूची में शामिल किया है। पूरी खबर पढ़ें…

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बगलामुखी मंदिर में युवक को आया हार्ट अटैक, मौत: काउंटर पर खड़े-खड़े नीचे गिरा; दोस्तों के साथ महाराष्ट्र से धार्मिक यात्रा पर निकला था – Agar Malwa News




आगर-मालवा के नलखेड़ा स्थित बगलामुखी मंदिर में दर्शन करने आए श्रद्धालु की हार्ट अटैक आने से मौत हो गई। घटना मंगलवार की है। इसका वीडियो बुधवार को सामने आया है। जानकारी के अनुसार, नासिक से 35 श्रद्धालुओं का ग्रुप बगलामुखी माता के दर्शन के लिए नलखेड़ा पहुंचा था। इसमें रोहित खेरनार (32) भी शामिल था। दर्शन करने के बाद रोहित वेटिंग एरिया में बने प्रसाद काउंटर के पास खड़ा था। इसी दौरान अचानक जमीन पर आ गिरा। मंदिर कर्मचारियों ने पहुंचाया अस्पताल रोहित को गिरता देख आसपास मौजूद लोग दौड़े। उसे सीपीआर दिया। मंदिर कर्मचारियों ने रोहित को नलखेड़ा सिविल अस्पताल पहुंचाया। यहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। रोहित पेशे से इंटीरियर डिजाइनर था।



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खाने के साथ चाहिए कुछ चटपटा? कड़ी पत्ता से बनाएं स्वाद से भरपूर चटनी

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गोंडा: खाने के साथ चटनी मिल जाए तो भोजन का स्वाद और भी बढ़ जाता है. अगर आप भी घर पर कुछ अलग और स्वादिष्ट चटनी बनाना चाहते हैं, तो मीठी नीम यानी कड़ी पत्ता की चटपटी चटनी बना सकते हैं. इसे तैयार करना आसान है और इसमें इस्तेमाल होने वाली ज्यादातर सामग्री घर में आसानी से मिल जाती है. इसे सूखी और गीली, दोनों तरह से तैयार किया जा सकता है.

चटनी बनाने के लिए सामग्री

लोकल 18 से बातचीत के दौरान दीनदयाल शोध संस्थान कृषि विज्ञान केंद्र, गोपालग्राम की गृह विज्ञान विशेषज्ञ डॉ. ममता त्रिपाठी ने बताया कि मीठी नीम की चटनी बनाने के लिए करीब 250 ग्राम ताजी कड़ी पत्ता की पत्तियां, 50 ग्राम भुनी मूंगफली, 4 से 5 लहसुन की कलियां, हरी या लाल मिर्च, सफेद तिल 3 से 4 बड़े चम्मच, स्वादानुसार नमक, दो चुटकी काला नमक, एक छोटी चम्मच जीरा, अमचूर पाउडर या नींबू का रस और राई की जरूरत होगी.

इस तरह तैयार करें सूखी चटनी

सबसे पहले मीठी नीम यानी कड़ी पत्ता की ताजी पत्तियों को अच्छी तरह धोकर साफ कर लें. इसके बाद इन्हें अच्छी तरह सुखा लें. एक कढ़ाई में कड़ी पत्ता को हल्का भून लें. इसके बाद भुनी हुई मूंगफली, लहसुन, हरी या लाल मिर्च, सफेद तिल, नमक, काला नमक और भुना हुआ जीरा डालकर हल्का भून लें. इसमें राई का तड़का भी लगाया जा सकता है. अब सभी सामग्री को ठंडा होने दें. ठंडा होने के बाद कड़ी पत्ता और तैयार मसाले को मिक्सर में डालकर दरदरा पीस लें. इस तरह मीठी नीम की चटपटी सूखी चटनी तैयार हो जाएगी.

गीली चटनी भी बना सकते हैं

डॉ. ममता त्रिपाठी के अनुसार अगर आप गीली चटनी बनाना चाहते हैं, तो कड़ी पत्ता को भूनने की जरूरत नहीं है. पेड़ से ताजी पत्तियां तोड़कर अच्छी तरह धो लें और मिक्सर में पीस लें. इसमें सूखी चटनी में इस्तेमाल होने वाली वही सामग्री डाली जा सकती है. जरूरत के अनुसार थोड़ा पानी डालकर इसे पीस लें.

2 से 3 महीने तक कर सकते हैं स्टोर

विशेषज्ञ के मुताबिक सूखी चटनी को सही तरीके से तैयार करके एयरटाइट डिब्बे में रखा जाए तो इसे करीब 2 से 3 महीने तक स्टोर किया जा सकता है. इसे खाते समय इसमें दही, सरसों का तेल या थोड़ा पानी मिलाकर भी इस्तेमाल किया जा सकता है. मीठी नीम की यह चटनी रोटी, पराठे, दाल और चावल के साथ खाई जा सकती है. इसका स्वाद चटपटा और काफी स्वादिष्ट होता है. घर में मौजूद सामान्य सामग्री से तैयार होने के कारण इसे आसानी से बनाकर भोजन का स्वाद बढ़ाया जा सकता है.



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बिहार के मोतिहारी में 5 हजार घरों में पानी: 17 जिलों में बाढ़ का अलर्ट; यूपी की गलियों में नाव चली, आंध्र प्रदेश में कोहरा छाया




गंडक नदी का जलस्तर बढ़ने से पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सारण, मुजफ्फरपुर और वैशाली के निचले इलाकों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। इससे 20 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हैं। मोतीहारी में 5 हजार घर पानी से घिर गए हैं। बाढ़ के कारण 25 से ज्यादा स्कूल बंद हैं। आपदा प्रबंधन विभाग ने राज्य के 17 जिलों में बाढ़ का अलर्ट जारी किया है। उत्तर प्रदेश से मानसून की विदाई शुरू हो गई है। मुजफ्फरनगर और अलीगढ़ समेत पश्चिमी यूपी के कुछ हिस्सों से मानसून लौट चुका है। इसके चलते प्रदेश में बारिश कम हो गई है। उन्नाव में गंगा का जलस्तर बढ़ने से गांवों और मोहल्लों में पानी घुस गया है। गलियों में नावें चल रही हैं। आंध्र प्रदेश के अल्लूरी सीताराम राजू जिले के पडेरू में बारिश के बाद कई इलाकों में घना कोहरा छाया हुआ है। तापमान में भी गिरावट आई है। सुबह के समय लोग हेडलाइट जलाकर सावधानी से गाड़ी चला रहे हैं। सैटेलाइट मैप में देखें मानसूनी बादलों की स्थिति देशभर से मौसम की तस्वीरें देशभर में मौसम से जुड़े अपडेट्स पढ़ने के लिए नीचे लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए…



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प्रो. गोपाल प्रसाद बने DDU के नए चीफ प्रॉक्टर: संभाली जिम्मेदारी, कुलपति से की मुलाकात कर अहम मुद्दों पर चर्चा की – Gorakhpur News




दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर यूनिवर्सिटी में कुलपति प्रोफेसर के. पी. सिंह के निर्देश पर पॉलिटिकल साइंस डिपार्टमेंट के वरिष्ठ प्रोफेसर गोपाल प्रसाद को यूनिवर्सिटी का नया चीफ प्रॉक्टर (मुख्य नियन्ता) बनाया गया है। नई जिम्मेदारी मिलने के बाद प्रो. गोपाल प्रसाद ने मंगलवार को औपचारिक तौर पर चीफ प्रॉक्टर का चार्ज संभाल लिया। कार्यभार संभालने के बाद उन्होंने वीसी ऑफिस जाकर कुलपति प्रो. के. पी. सिंह से मुलाकात की। इस दौरान कैंपस में सुरक्षा इंतजाम, अनुशासन बनाए रखने और छात्रों के लिए बेहतर माहौल तैयार करने के कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। इससे पहले भी वे 2022 और 2024 में चीफ प्रॉक्टर बन चुके हैं। पॉलिटिकल साइंस डिपार्टमेंट में खुशी
प्रोफेसर गोपाल प्रसाद को यह अहम और नई जिम्मेदारी मिलने से पॉलिटिकल साइंस डिपार्टमेंट में खुशी का माहौल है। विभागाध्यक्ष प्रो. रजनी कान्त पाण्डेय, प्रो. विनीता पाठक, प्रो. रूसीराम महानंदा, डॉ. महेन्द्र कुमार सिंह और डॉ. अमित कुमार उपाध्याय समेत विभाग के तमाम शिक्षकों, रिसर्च स्कॉलर्स और छात्र-छात्राओं ने उन्हें बधाई दी। कैंपस में अनुशासन और सुरक्षा होगी मजबूत
विभाग के प्रोफेसरों और छात्रों ने उम्मीद जताई कि प्रो. गोपाल प्रसाद के लंबे अनुभव का फायदा यूनिवर्सिटी को मिलेगा। उनके चीफ प्रॉक्टर बनने से कैंपस में शांति व्यवस्था और मजबूत होगी तथा पढ़ाई-लिखाई का अच्छा माहौल बनेगा। डिपार्टमेंट के सभी सदस्यों ने उनके सफल कार्यकाल के लिए शुभकामनाएंशुभकामनाएं



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