कन्नौज में मदरसे से बाहर निकली छात्रा के अपहरण और रेप के मामले ने नया मोड़ ले लिया है। आरोपी के घर में साड़ी और मंगलसूत्र पहनकर छात्रा के डांस करने का वीडियो वायरल हो रहा है। आरोपी की बहनों ने पुलिस के समक्ष साक्ष्य प्रस्तुत करते हुए कहा कि छात्रा ने शादी की थी और अपनी पहचान व उम्र छिपाई थी। शहर के हम्मालीपुरा मोहल्ले में रहने वाले दीपू के घर 5 अप्रैल को करीब 50 से 60 लोग अचानक पहुंच गए। उन्होंने उसकी छत पर मौजूद छात्रा को नीचे उतारा और परिजनों के साथ मारपीट की। इस दौरान मोहल्ले के अन्य घरों में भी तोड़फोड़ और हंगामा किया गया। छात्रा के परिजनों ने दीपू और उसके दो साथियों धीरज व संजीव पर अपहरण और रेप का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। हालांकि मामले में नया मोड़ तब आया, जब दीपू के घर से छात्रा के साड़ी और मंगलसूत्र पहनकर डांस करने के वीडियो वायरल होने लगे। इसके बाद दीपू की बहनें कंचन और नीतू सदर कोतवाली पहुंचीं और वीडियो सहित अन्य साक्ष्य पेश करते हुए आरोपों को झूठा बताया। उनका कहना है कि छात्रा ने अपनी उम्र और पहचान छिपाकर शादी की थी। छात्रा ने अपना नाम पूनम बताया दीपू की बहन कंचन और पड़ोस की रहने वाली रीमा ने बताया कि छात्रा अक्सर मोहल्ले में भीख मांगने आती थी। पूछने पर उसने बताया था कि उसके पिता का निधन हो चुका है और मां को चाचा अपने साथ ले गए हैं। घर बिक जाने के कारण वह बेसहारा है और मांगकर खाने को मजबूर है। पहले उसने अपना नाम शकीना बताया था, बाद में पूनम बताया। रीमा के अनुसार, जब महिलाओं ने उससे शादी के बारे में पूछा तो उसने सहमति दी। 1 अप्रैल को उससे आधार कार्ड लाने को कहा गया, जिसके बाद वह घर चली गई और 3 अप्रैल को वापस कपड़े लेकर लौटी। उसने बताया कि आधार कार्ड खो गया है और वह बालिग है। इसके बाद मोहल्ले के लोगों की मौजूदगी में कथित तौर पर शादी कराई गई, जिसके बाद छात्रा ने घर में डांस भी किया और उसे न्योछावर भी दिया गया। दीपू के घर के बाहर पुलिस तैनात घटना स्थल के पास शेखपुरा मोहल्ला मुस्लिम बहुल क्षेत्र है, जिसके चलते दो समुदायों के बीच तनाव की आशंका को देखते हुए दीपू के घर के बाहर पुलिस बल तैनात किया गया है। दीपू की दोनों बहनों को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया गया है। दीपू के माता-पिता पहले ही निधन हो चुका है, जिसके चलते घर खाली पड़ा थ
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Ajmer Famous Balaji Mirchi Kachori Video: अजमेर के रूपनगढ़ बाईपास पर ‘बालाजी मिर्ची कचोरी’ अपनी पारंपरिक मिट्टी की भट्टी पर बनी कचोरियों के लिए मशहूर है. लकड़ी और कोयले की धीमी आंच पर तैयार होने वाला यह नाश्ता लोगों को पुराने ग्रामीण स्वाद का अनुभव कराता है. तीखी मिर्च और ताजे दही के साथ परोसी जाने वाली यह कचोरी ट्रक चालकों और मुसाफिरों की पहली पसंद बन गई है. आधुनिकता के दौर में भी यहाँ का देसी जायका बरकरार है, जहाँ हर सफर में यात्री स्वाद चखने के लिए जरूर रुकते हैं. राजस्थान में यह अपनी तरह का अनूठा स्वाद केंद्र है.
























