Wednesday, June 3, 2026
Homeफूडचाय में चीनी के बजाय डालें ये देसी चीज, फिर देखें चमत्कार;...

चाय में चीनी के बजाय डालें ये देसी चीज, फिर देखें चमत्कार; सेहत के लिए उपयोगी, फायदे देख रह जाएंगे हैरान


Last Updated:

बदलती जीवनशैली में लोग अब सफेद चीनी की जगह देसी खांड को प्राथमिकता दे रहे हैं. गन्ने के रस से प्राकृतिक तरीके से तैयार होने वाली यह खांड आयरन, कैल्शियम और मिनरल्स से भरपूर होती है. रिफाइंड चीनी के मुकाबले यह न केवल सुरक्षित है, बल्कि चाय को अनोखा स्वाद और खुशबू भी देती है, जिससे स्वाद और सेहत दोनों बने रहते हैं.

आजकल सेहत को लेकर लोगों की जागरूकता तेजी से बढ़ रही है. इसी कारण चाय में सफेद चीनी की जगह देसी खांड का चलन बढ़ता जा रहा है. शहरों से लेकर गांवों तक देसी खांड की मांग में जबरदस्त इजाफा देखा जा रहा है. लोग अब स्वाद के साथ-साथ सेहत का भी ध्यान रखने लगे हैं, और देसी खांड इस जरूरत पर पूरी तरह खरी उतरती है.

food

देसी खांड दरअसल गन्ने के रस से बनाई जाती है, लेकिन इसे रिफाइंड चीनी की तरह पूरी तरह प्रोसेस नहीं किया जाता. गन्ने का रस उबालकर उसे प्राकृतिक तरीके से सुखाया जाता है, जिससे इसमें मौजूद आयरन, कैल्शियम और मिनरल्स काफी हद तक सुरक्षित रहते हैं. यही वजह है कि देसी खांड का रंग हल्का भूरा होता है और इसका स्वाद भी हल्का कारमेल जैसा लगता है, जो चाय को एक अलग ही खुशबू और स्वाद देता है.

food

सेहत की बात करें तो देसी खांड सफेद चीनी की तुलना में शरीर को ज्यादा नुकसान नहीं पहुंचाती. इसमें मौजूद प्राकृतिक तत्व पाचन को बेहतर बनाने में मदद करते हैं. सर्दी-खांसी के मौसम में देसी खांड वाली चाय गले को आराम देती है और ऊर्जा भी देती है. कई लोग मानते हैं कि यह धीरे-धीरे शरीर में घुलती है, जिससे अचानक शुगर लेवल बढ़ने की संभावना कम रहती है.

Add News18 as
Preferred Source on Google

food

अब बात करें देसी खांड वाली चाय बनाने की प्रक्रिया की, तो यह बिल्कुल आसान है. सबसे पहले पैन में पानी उबालें और उसमें चाय पत्ती डालें. अच्छे से उबाल आने पर दूध डालें और धीमी आंच पर पकने दें. अब स्वाद के अनुसार सफेद चीनी की जगह देसी खांड डालें. देसी खांड जल्दी घुल जाती है और चाय में हल्की मिठास के साथ एक अलग खुशबू भर देती है. आखिर में चाय को छानकर गर्म-गर्म परोसें.

चाय

देसी खांड कैसे बनती है, यह जानना भी दिलचस्प है. गन्ने का रस निकालकर उसे कड़ाही में उबाला जाता है. जब रस गाढ़ा हो जाता है, तो उसे ठंडा कर दानेदार रूप दिया जाता है. बिना केमिकल और बिना ज्यादा प्रोसेस के तैयार होने वाली देसी खांड पूरी तरह प्राकृतिक होती है. यही वजह है कि आज लोग चाय में चीनी छोड़कर देसी खांड को अपनाने लगे हैं, जो स्वाद और सेहत दोनों का बेहतरीन मेल है.

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
homelifestyle

चाय में चीनी के बजाय डालें ये देसी चीज, फायदे देख रह जाएंगे हैरान



Source link

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments