दिवाली से ठीक पहले जयपुर के परकोटे में रविवार रात भीषण आग लग गई। हल्दियों का रास्ता स्थित दड़ा मार्केट के कानोता कॉम्प्लेक्स में सलवार-सूट की दुकानों में आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया और ग्राउंड फ्लोर की दो दुकानों के बाद फर्स्ट फ्लोर की दो दुकानें भी इसकी चपेट में आ गईं। सूचना पर दमकल की गाड़ियां और माणक चौक थाना पुलिस मौके पर पहुंची। करीब तीन घंटे की मशक्कत और 6 दमकल गाड़ियों की मदद से रात 12 बजे बाद आग पर काबू पाया जा सका। घटना रात करीब 9 बजे की है। आग लगने के बाद पुलिस ने एहतियात के तौर पर दड़ा मार्केट का बाजार बंद करवा दिया। साथ ही इलाके की बिजली सप्लाई भी बंद करवा दी गई। आग लगने के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल पाया है। प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट या पटाखे से आग लगने की आशंका जताई जा रही है। दुकान बंद कर घर जा चुके थे व्यापारी जानकारी के अनुसार, आग लगने वाली दुकानें व्यापारी सुरेश इसरानी की हैं। दिवाली की तैयारियों के बीच व्यापारी रात करीब 8 बजे दुकानें बंद करके घर चले गए थे। इसके करीब एक घंटे बाद दुकानों में आग लग गई। कपड़ों की दुकान होने के कारण आग तेजी से फैलती चली गई। ग्राउंड फ्लोर पर दो दुकानों में लगी आग ने देखते ही देखते फर्स्ट फ्लोर की दो दुकानों को भी चपेट में ले लिया। कॉम्प्लेक्स की छत पट्टियों की बनी हुई है। कमजोर पट्टियों के कारण आग ऊपर की दुकानों तक पहुंच गई। सिलेंडर और खड़े दोपहिया वाहनों से बड़ा हादसा होने का खतरा जिस कॉम्प्लेक्स में आग लगी, वहां दोपहिया वाहन भी खड़े हुए थे। परिसर में एक सिलेंडर भी मौजूद था। ऐसे में आग के दौरान सिलेंडर में विस्फोट होने पर बड़ा हादसा हो सकता था। दमकलकर्मियों ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। संकरी गलियों के कारण बड़ी दमकल गाड़ियों को पहुंचने में परेशानी हुई, जिसके बाद छोटी दमकल गाड़ियां भी मौके पर बुलाई गईं। मेयर बोले- आग लगने के कारणों की समीक्षा करेंगे आग की सूचना पर जयपुर मेयर सुनील कोठारी भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने ग्राउंड फ्लोर के साथ फर्स्ट फ्लोर पर पहुंचकर आग से प्रभावित दुकानों का जायजा लिया। मेयर सुनील कोठारी ने भास्कर को बताया कि दिवाली की पूर्व संध्या पर व्यापारी दुकानें बंद करके जा रहे थे। इसी दौरान संभवत: शॉर्ट सर्किट से आग लग गई। कपड़ों की दुकान होने के कारण आग तेजी से फैल गई। सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं और आग बुझाने का प्रयास शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि कॉम्प्लेक्स की छत पट्टियों की बनी हुई है। पट्टियां कमजोर होने के कारण आग फर्स्ट फ्लोर तक पहुंच गई। फिलहाल दमकलकर्मियों ने आग पर काबू पा लिया है। पूरे मामले की समीक्षा की जाएगी। मेयर ने कहा कि व्यापारियों के साथ पहले भी बैठक की गई थी। उस दौरान उन्होंने खुद व्यापारियों से अपने स्तर पर भी आग से बचाव के पर्याप्त इंतजाम करने की अपील की थी। यदि जांच में कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। संकरी गलियों के कारण छोटी दमकल गाड़ियां बुलानी पड़ीं एडिशनल डीसीपी नॉर्थ फर्स्ट आलोक कुमार सिंघल ने बताया कि हल्दियों का रास्ता स्थित कानोता मार्केट में आग लगने की सूचना मिली थी। सुरेश इसरानी की लेडीज सूट्स की दुकान में आग लगी थी। सूचना मिलते ही बड़ी चौपड़ पर खड़ी दमकल की गाड़ी को मौके पर भेजा गया। रास्ता संकरा होने के कारण बाद में छोटी दमकल गाड़ियां भी बुलाई गईं। पुलिस और दमकलकर्मियों ने तत्काल आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। करीब तीन घंटे बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया जा सका। आग की चपेट में आई चारों दुकानें सुरेश इसरानी की ही हैं। फिलहाल आग लगने के कारणों और दुकानों में हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। बता दें कि कानौता कॉम्पलेक्स तीन मंजिला भवन है। इसमे फर्स्ट फ्लोर पर करीब 10 से 12 दुकान है। इसी तरीके से हर मंजिल पर इतनी ही दुकानें है। चौकाने वाली बात है कि कॉम्पलेक्स में कहीं भी फायर सेफ्टी की कोई व्यवस्था नहीं थी। बल्कि कॉम्पलेक्स में जहां आग लगी वहां गैस सिलेंडर और टू व्हिलर तक खड़े थे, जो बड़े हादसे को न्यौता दे सकते थे। देखिए, आग से जुड़ी PHOTO’S
Source link

