मऊगंज जिले में गिरते भू-जलस्तर के मद्देनजर जिला प्रशासन ने अवैध बोरिंग माफियाओं के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। नईगढ़ी तहसील के नरैनी गांव में बिना अनुमति चल रहे हैंडपंप उत्खनन के खिलाफ राजस्व और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापा मारा। इस दौरान दो बोरिंग मशीनें जब्त की गईं। इस कार्रवाई से जिलेभर के अवैध बोरिंग कारोबारियों और दलालों में हड़कंप मच गया है। यह कार्रवाई गुरुवार, 4 जून की रात कलेक्टर संजय कुमार जैन के निर्देश पर की गई। तहसीलदार सुनील कुमार द्विवेदी और थाना प्रभारी ऋषि कुमार द्विवेदी अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। प्रशासन को गोपनीय सूचना मिली थी कि ग्राम नरैनी में कुशवाहा परिवार की भूमि पर बिना अनुमति बोरिंग कराई जा रही है। इस मामले में 5 जून को कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए एफआईआर दर्ज की गई है। जांच के दौरान, वाहन क्रमांक KA 01 D 5554 और TN 34 M 2255 की दो बोरिंग मशीनें मौके पर उत्खनन करती पाई गईं। टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दोनों मशीनों को जब्त कर नईगढ़ी थाना को सौंप दिया। तहसीलदार सुनील कुमार द्विवेदी ने बताया कि मशीन मालिकों, चालकों और इस अवैध कारोबार में शामिल अन्य व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 188 के तहत एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है। उल्लेखनीय है कि जिले में लगातार गिरते भू-जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने बोरवेल और हैंडपंप उत्खनन पर अस्थायी प्रतिबंध लगाया हुआ है। इस आदेश के अनुसार, केवल विशेष परिस्थितियों में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) से लिखित अनुमति प्राप्त होने के बाद ही उत्खनन कार्य कराया जा सकता है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंध के बावजूद अवैध बोरिंग करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। आने वाले दिनों में जिलेभर में ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे।
Source link
मऊगंज में अवैध बोरिंग पर कार्रवाई, दो मशीनें जब्त: प्रतिबंध के बावजूद चल रहा था काम, कलेक्टर ने FIR के दिए निर्देश – Mauganj News
RELATED ARTICLES

