बृजेश कुमार गुप्ता | महराजगंज3 मिनट पहले
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महाराजगंज के प्राथमिक विद्यालय रुद्रपुर भलुही से जुड़ी वायरल वीडियो पूरी तरह फर्जी निकली है। जांच के बाद कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। महाराजगंज जिला प्रशासन की तरफ से विद्यालय के सामने बच्चियों के रोने और स्कूल बंद होने की वायरल वीडियो जांच में पूरा मामला फर्जी निकला है।
प्रशासन की तरफ से जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने वीडियो जारी कर बताया कि मर्जर नीति के तहत वह विद्यालय शामिल नहीं है। पूर्व की भांति विद्यालय में पठन-पाठन चल रहा है लेकिन गलत तरीके से विद्यालय की प्रधानाध्यापिका के द्वारा विद्यालय बंद कर बच्चों को बरगलाते हुए रोने का वीडियो बनाकर वायरल किया गया।
गलत तरीके से वीडियो बनाकर भ्रम फैलाया गया
प्रशासन की छवि को धूमिल किया गया है। इस मामले में डीएम संतोष कुमार शर्मा ने बताया कि प्रधानाध्यापिका कुसुमलता पांडे को निलंबित किया गया है। जबकि समय से स्कूल ना खुलने को लेकर खंड शिक्षा अधिकारी को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है।
विद्यालय समय से नहीं खोला गया था और गलत तरीके से वीडियो बनाकर भ्रम फैलाया गया। आपको बता दें कि सोमवार को महाराजगंज के परतावल विकासखंड के रुद्रपुर भलूही प्राथमिक विद्यालय के बाहर से एक वीडियो वायरल हुआ था।
मर्जर नीति और सभी पहलुओं पर अपनी बात रखी
जिसमें कुछ बच्चियों ड्रेस में बैग लिए रो रही थी और स्कूल खोलने की गुहार लगा रही थी। इस वीडियो में प्रधानाध्यापिका भी शामिल थी। इसको लेकर सख्त हुए जिला प्रशासन ने जब उसकी जांच कराई तो मामला कुछ और ही निकला है। वायरल वीडियो पूरी तरह फर्जी साबित हुआ है।
जांच में पता चला है की प्रधानाध्यापिका ने बच्चों को बरगलाकर वीडियो बनाया था। जबकि मर्जर नीति में परतावल विकासखंड का प्राथमिक विद्यालय रुद्रपुर भलूही शामिल नहीं है। विद्यालय पूर्व की भांति खुला हुआ है। इस मामले में जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने एक वीडियो जारी कर मर्जर नीति और सभी पहलुओं पर अपनी बात रखी है।

