“नशा मुक्त भारत अभियान” के तहत मादक पदार्थों और प्रतिबंधित दवाओं के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (CBN) राजस्थान यूनिट को बड़ी सफलता मिली है। ब्यूरो ने आगरा से महवा लाई जा रही 72 हजार प्रतिबंधित ट्रामाडोल कैप्सूल की खेप जब्त कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। सीबीएन को खुफिया सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) की बस से प्रतिबंधित दवाओं की बड़ी खेप लेकर आगरा से महवा की ओर जा रहा है। सूचना के आधार पर सीबीएन जयपुर के अधिकारियों की विशेष टीम गठित कर बस की निगरानी और कार्रवाई के लिए रवाना किया गया। कड़ी निगरानी के बाद संदिग्ध बस की पहचान कर उसे आगरा-महवा मार्ग पर भरतपुर बाईपास के निकट महवा, जिला दौसा में रोका गया। बस की तलाशी के दौरान एक संदिग्ध यात्री की पहचान की गई। जांच में उसके कब्जे से तीन पॉलीबैग में छिपाकर रखे गए कुल 72,000 प्रतिबंधित ट्रामाडोल कैप्सूल बरामद हुए। सीबीएन अधिकारियों ने पूरी खेप को जब्त कर लिया और आरोपी को एनडीपीएस अधिनियम के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार कर लिया। मामले में आगे की जांच जारी है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि खेप कहां से लाई गई थी, किसे पहुंचाई जानी थी और इसके पीछे कौन-सा तस्करी नेटवर्क सक्रिय है। सीबीएन अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई खुफिया तंत्र, सतर्क निगरानी और टीम के समन्वित प्रयासों का परिणाम है। ब्यूरो ने स्पष्ट किया है कि “नशा मुक्त भारत अभियान” के तहत उसकी कार्रवाई केवल मादक पदार्थों की जब्ती तक सीमित नहीं है, बल्कि अवैध तस्करी नेटवर्क और ड्रग कार्टेल्स को पूरी तरह ध्वस्त करना भी लक्ष्य है। गौरतलब है कि मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और नशे के कारोबार में शामिल लोगों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। खुफिया सूचना पर बिछाया जाल सूचना मिलते ही सीबीएन जयपुर की टीम सक्रिय हो गई। संदिग्ध बस की पहचान कर भरतपुर बाईपास के पास उसे रोककर तलाशी ली गई, जहां आरोपी के पास से भारी मात्रा में ट्रामाडोल कैप्सूल बरामद हुए। आमजन से सहयोग की अपील केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो ने आमजन से अपील की है कि मादक पदार्थों की तस्करी, नशे या अन्य संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल सीबीएन को दें। ब्यूरो ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
Source link

