राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले में एक व्यक्ति की हत्या के आरोप में उसकी पत्नी और बेटे को गिरफ्तार किया गया है। यह घटना पारसोला थाना क्षेत्र के बावड़ीखेड़ा गांव में शराब के नशे में हुए पारिवारिक विवाद के बाद हुई। मृतक की पहचान गोतिया मीणा के रूप में हुई ह
.
आरोपी चौखली मीणा (50) और उसका बेटा सूरजमल मीणा (27) को पुलिस ने किया गिरफ्तार।
मृतक की बेटी ने शिकायत दर्ज कराई
पारसोला थाना अधिकारी राकेश कटारा ने बताया- 18 दिसंबर को मृतक की बेटी ललीता मीणा(19) ने पारसोला थाने में एक लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 17 दिसंबर की शाम करीब 7 बजे वो और उसकी मां चौखली मीणा (50) दोनों घर पर ही थे। तभी उसके पिता गोतिया मीणा बाहर से शराब पीकर आए और उनके साथ चुल्हे पर आग तापने लगे। उसी दौरान उसके पिता और मां के बीच शराब पीने को लेकर झगड़ा शुरू हो गया। गोतिया मीणा चौखली मीणा के साथ गाली-गलौज करने लगे।
पति-पत्नी के बीच लाठी-डंडे चले
झगड़ा इतना बढ़ गया कि गोतिया मीणा ने चूल्हे से जलती हुई लकड़ी निकाल कर चौखली मीणा के सिर पर मारी जिससे उनके चहरे पर भी थोड़ी चोट लग गई। तभी चौखली मीणा ने भी पलटवार करते हुए पास पड़ी एक लाठी उठाकर गोतिया के सिर पर मारा।
बेटे के सामने पिता पर हमला
गोतिया मीणा के चिल्लाने पर उनका बेटा सूरजमल (27) भी मौके पर पहुंच गया जिसके बाद चौखला मीणा ने 3-4 बार और लाठी से गोतिया के सिर पर वार कर दिया जिससे वो बेसुध होकर जमीन पर गिर गए। परिवारजनों ने गोतिया मीणा को उठाकर खाट पर लिटाया और बाद में अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

सिर पर लाठी लगने से गोतिया मीणा की मौके पर ही मौत हुई।
गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम का गठन
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल धारा 103(1) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की। जिला पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गजेंद्र सिंह जौधा के मार्गदर्शन में थानाधिकारी राकेश कटारा के नेतृत्व में एक पुलिस टीम का गठन किया गया।
फरार आरोपी बेटा और मां गिरफ्तार
पुलिस टीम ने घटना के बाद से फरार चल रहे आरोपी सूर्या उर्फ सूरजमल (गोतिया मीणा का बेटा) और अभियुक्ता चौखली (गोतिया मीणा की पत्नी) को हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया है।
टाइल्स लगाने का काम करता है सूरजमल मीणा
मृतक के बेटा सूरजमल जोधपुर, जैसलमेर व बाड़मेर समेत आसपास के जिलों में घरों की छतों पर टाइल्स लगाने का काम करता है। लेकिन दिवाली के बाद वो घर पर आया था उसके बाद से वो वापिस नहीं गया। मृतक
गोतिया मीणा गांव में ही रह कर खेती-बाड़ी का काम करते थे।

