राजधानी लखनऊ के रेलवे नेटवर्क को और सुचारू बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया जा रहा है। पूर्वोत्तर रेलवे ने मल्हौर से दिलकुशा के बीच नई बाईपास रेल लाइन बनाने की योजना को फिर से आगे बढ़ाया है। इस परियोजना का मकसद ट्रेनों को आउटर पर रुकने की मजबूर
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गोमतीनगर स्टेशन प्रोजेक्ट के बाद दोबारा शुरू हुई प्रक्रिया
रेलवे के अधिकारियों की माने तो, इस बाईपास लाइन की योजना लगभग तीन से चार साल पहले ही बनाई गई थी। लेकिन उस समय गोमतीनगर स्टेशन पुनर्विकास प्रोजेक्ट शुरू होने के कारण इसे स्थगित कर दिया गया था। अब जब गोमतीनगर स्टेशन का काम लगभग पूरा हो गया है, तो बाईपास लाइन की फाइल फिर से आगे बढ़ाई गई है।
सर्वे टीम करेगी निरीक्षण, रिपोर्ट जाएगी रेलवे बोर्ड को
पूर्वोत्तर रेलवे के अधिकारियों ने बताया कि शीघ्र ही एक सर्वे टीम मल्हौर से दिलकुशा के बीच इलाके का निरीक्षण करेगी। सर्वे रिपोर्ट तैयार होने के बाद इसे रेलवे बोर्ड को भेजा जाएगा। बोर्ड से मंजूरी मिलते ही निर्माण कार्य की औपचारिक शुरुआत कर दी जाएगी।
दो साल में पूरा होगा चार किलोमीटर लंबा ट्रैक
यह नई बाईपास लाइन करीब चार किलोमीटर लंबी होगी। इसे बिछाने में लगभग दो साल का समय लगने का अनुमान है। लाइन तैयार हो जाने के बाद गोमतीनगर से दिलकुशा की ओर ट्रेनों की आवाजाही और भी आसान हो जाएगी। इससे चारबाग और गोमतीनगर जैसे व्यस्त स्टेशनों का लोड कम होगा, और ट्रेनों को आउटर पर रुकने की नौबत नहीं आएगी।

