एसएन मेडिकल कॉलेज से मन:कामेश्वर स्टेशन के बीच की गई टनल की खुदाई।
आगरा में सितंबर महीने से ताज पूर्वी स्टेशन से ISBT तक मेट्रो के सफर का रास्ता साफ हो सकता है। एसएन मेडिकल कॉलेज से मन:कामेश्वर स्टेशन के बीच मेट्रो टनल की अप लाइन की खुदाई का काम पूरा हो गया है। डाउन लाइन की थोड़ी सी खुदाई बची है। अगले सप्ताह में यह भ
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आगरा मेट्रो प्रोजेक्ट में दो कॉरिडोर हैं। पहला कॉरिडोर सिकंदरा से ताज पूर्वी गेट तक करीब 14 किमी लंबा है। जिसमें 13 स्टेशन बनेंगे। 6 एलिवेटिड व 7 भूमिगत स्टेशन होंगे। पहले कॉरिडोर में 2 टीबीएम मशीनों से दोहरी टनल खोदी गई है। पहले चरण में ताजमहल, आगरा किला व रामलीला मैदान तक टनल बनाई।
अंडरग्राउंड मेट्रो ट्रैक तैयार।
आगरा कॉलेज स्टेशन से लांच की गई थी टीबीएम दूसरे चरण में टीबीएम यमुना को आगरा कॉलेज मेट्रो स्टेशन से लांच किया गया था। एसएन मेडिकल कॉलेज होते हुए टीबीएम ने मन:कामेश्वर तक टनल निर्माण पूरा कर लिया। इसके समानांतर दूसरी टनल की खुदाई में दो टीबीएम कार्य कर रही है। जिनका काम अगले सप्ताह तक पूरा हो सकता है। आगरा मेट्रो प्रोजेक्ट डायरेक्टर अरविंद राय के अनुसार पहले कॉरिडोर की अप लाइन टनल की खुदाई पूरी हो चुकी है। इस कार्य में करीब 10 महीने का समय लगा। उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPMRC) ने टनल निर्माण के उच्च मानक स्थापित किए हैं।

मेट्रो का अंडरग्राउंड स्टेशन तैयार हो रहा है।
बताया जा रहा है कि ताज पूर्वी गेट से ISBT तक सितंबर तक मेट्रो संचालन शुरू हो सकता है। भूमिगत मेट्रो की टनल का व्यास 5.8 मीटर है। जबकि टीबीएम 6.6 मीटर व्यास में खुदाई करती है। खुदाई के बाद मिट्टी को धंसने से रोकने के लिए टनल में कंक्रीट की रिंग लगाई जाती हैं। आगरा कॉलेज से मन:कामेश्वर तक 4200 रिंग लगाई गई हैं। खंदारी से ISBT तक पिलर का काम पूरा हो चुका है। जल्द ही ISBT पर मेट्रो स्टेशन का काम शुरू होगा। UPMRC अब मन:कामेश्वर स्टेशन से ISBT तक मेट्रो शुरू करने की तैयारी में है।

