Last Updated:
साल 1973 की ब्लॉकबस्टर फिल्म ‘बॉबी’ ने रिलीज होते ही तहलका मचा दिया था. फिल्म ने राज कपूर का करियर चमका दिया था. फिल्म के गानों ने तो लोगों के दिलों पर कब्जा कर लिया था. इन्हीं में से एक गाने का आइडिया तो कंस्ट्रक्शन बिल्डिंग में मिला था.
नई दिल्ली. राज कपूर की फिल्म ‘बॉबी’ में ऋषि कपूर और डिंपल कपाड़िया लीड रोल में नजर आए थे. फिल्म को लोगों ने काफी पसंद किया था. फिल्म की कहानी ने तो राज कपूर को मालामाल बनाया ही था, फिल्म के गानों ने भी इतिहास रच दिया था. फिल्म के एक गाने का आइडिया तो कंस्ट्रक्शन बिल्डिंग में मिला था.

दरअसल, ‘मुझे तेरी मोहब्बत का सहारा मिल गया होता…’ जैसा आंखें नम कर देने वाला गाना हो या ‘रुक जाना नहीं तू कहीं हार के…’ जैसा एनर्जी से भरे गाने, लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल की दिग्गज संगीतकार जोड़ी ने दिए हैं. 1973 में आई बॉबी के गाने भी इसी जोड़ी ने दिए थे.

इस फिल्म ने ना सिर्फ कमाई के कई रिकॉर्ड तोड़े थे, बल्कि एक नई प्रेम कहानी को जन्म दिया, ऋषि कपूर और डिंपल कपाड़िया दोनों ही इस फिल्म में नए चेहरे थे. लेकिन दोनों ही इस फिल्म के बाद स्टार बन गए थे.
Add News18 as
Preferred Source on Google

इस फिल्म ने उन्हें रातोंरात सुपरस्टार बना दिया था. इस फिल्म के गानों के लिए जब लक्ष्मीकांत पहली बार राज कपूर से मिले थे, तो समझ गए थे कि उनके लिए काम करना आसान नहीं. नसरीन मुन्नी कबीर को एक इंटरव्यू में खुद लक्ष्मीकांत ने उस पल का जिक्र किया था.

दोनों की मुलाकात फिल्म के गाने ‘हम तुम एक कमरे में बंद हों…’ को लेकर हुई थी. फिल्म बॉबी में म्यूजिक कंपोज करना उनके लिए एक बड़ा थ्रिल था. आनंद बक्शी साहब को गानों के लिरिक्स लिखने का काम मिला था.

लक्ष्मीकांत का उन दिनों मुंबई के जुहू में घर बनकर तैयार हो रहा था. उनके घर के निर्माण के वक्त ही लक्ष्मीकांत अक्सर सुबह 10 बजे वहां काम देखने के लिए आया करता था.एक दिन उन्होंने आनंद बक्शी साहब को भी बुला लिया और वो वहां घर में घुम हो गए कि किधर से बाहर निकलना है.

उस वक्त वो घर में दूसरी ओर थे और मैं दूसरी ओर, उन्होंने मुझे बुलाया, क्योंकि वह मुझे नहीं ढूंढ पा रहे थे. जब मैं वापस उनके पास गया तो उन्होंने पूछा- ये आप क्या बना रहे हैं, भूल भुलैया. अगर कोई एक कमरे में बंद हो जाए, तो कोई दोबारा ढूंढ नहीं पाएगा.’

फिर क्या था, वहीं से इस फिल्म के गाने का आइडिया मिला. मैंने उनसे कहा कि क्या इस पर कुछ बना सकते हो? कोई कमरे में बंद हो जाए और चाबी खो जाए… तब हमने सोचा कि हम इस आइडिया को गाना बनाया जा सकता है. पहले हमने एक पीस तैयार किया, बाद में हम तुम एक कमरे में बंद हो और चाबी खो जाए…. गाने को कंप्लीट किया. वहीं से इस गाने की नींव रखी गई थी.

