बूंदी के नैनवां स्थित प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के स्थानीय सेवा केंद्र में मदर्स डे मनाया गया। इस अवसर पर मातृशक्ति का सम्मान किया गया और पारिवारिक संस्कारों तथा नैतिक मूल्यों पर विशेष जोर दिया गया। कार्यक्रम में राजस्थान पेंशनर्स मंच के ब्लॉक अध्यक्ष शंभू सिंह सोलंकी ने सेवा केंद्र प्रभारी ब्रह्माकुमारी कौशल्या को गुलदस्ता और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। माताओं और बहनों को संकल्प दिलाया
ब्रह्माकुमारी कौशल्या ने उपस्थित माताओं और बहनों को संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि माताएं बच्चों को केवल भौतिक सुख-सुविधाएं ही नहीं, बल्कि दिव्य संस्कार और नैतिक शिक्षा भी दें। उन्होंने परिवार में क्रोध और तनाव त्यागकर प्रेम व शांति का वातावरण बनाने का संदेश दिया। शंभू सिंह सोलंकी ने अपने संबोधन में कहा कि भारतीय संस्कृति में माता-पिता को भगवान से भी ऊंचा स्थान प्राप्त है। उन्होंने पश्चिमी देशों से तुलना करते हुए बताया कि जहां बच्चे बड़े होने पर माता-पिता से अलग हो जाते हैं, वहां मदर्स डे जैसे आयोजन महत्वपूर्ण हैं, जबकि भारतीय संस्कृति में माता-पिता का सम्मान प्रतिदिन किया जाता है। नगर पालिका की पूर्व अध्यक्ष सरिता नागर ने भी कार्यक्रम में अपने विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर रामपाल मीणा, चतुर्भुज मीणा, संपत सिंह और रामधन धाकड़ सहित संस्था से जुड़े कई सदस्य मौजूद रहे। कंटेंट: अश्विनी शर्मा, नैनवां।
Source link

