भोपाल में एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में सास और पूर्व जिला न्यायाधीश गिरिबाला सिंह की जमानत याचिका मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। कोर्ट ने जमानत आदेश में केस डायरी के हवाले से बताया कि घटना के बाद गिरिबाला ने ऊंचे पदों पर बैठे कुछ प्रभावशाली लोगों से कथित तौर पर संपर्क किया था। अदालत ने इन संपर्कों के पीछे की परिस्थितियों की आगे जांच की जरूरत बताई है। इसके साथ ही ट्विशा के आईफोन और गिरिबाला के घर के CCTV DVR की फॉरेंसिक रिपोर्ट भी लंबित है। आदेश में दर्ज है प्रभावशाली लोगों से संपर्क की बात जस्टिस अजय कुमार निरंकारी की एकलपीठ ने 26 अक्टूबर को आदेश पारित किया था, जिस पर 4 नवंबर को हस्ताक्षर हुए। आदेश के पैरा 23 में इस पहलू का जिक्र है। कोर्ट ने कहा कि केस डायरी में मौजूद सामग्री घटना के बाद आवेदक की ओर से उच्च पदों पर बैठे प्रभावशाली व्यक्तियों से संपर्क किए जाने की ओर संकेत करती है। इन संपर्कों से जुड़ी परिस्थितियों की आगे जांच की जानी चाहिए। हालांकि, आदेश में किसी व्यक्ति का नाम, पद, बातचीत का समय या संपर्क के माध्यम का ब्योरा नहीं दिया गया है। इसलिए फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि गिरिबाला ने किन लोगों से संपर्क किया था। आईफोन डेटा और DVR की फॉरेंसिक रिपोर्ट लंबित हाईकोर्ट ने जमानत पर विचार करते समय लंबित फॉरेंसिक और डिजिटल जांच को भी महत्वपूर्ण माना। ट्विशा के आईफोन से डेटा एक्सट्रैक्शन की रिपोर्ट अभी आना बाकी है। कोर्ट के मुताबिक, इससे घटना से जुड़े अतिरिक्त तथ्य सामने आ सकते हैं और संभावित गवाहों की पहचान में मदद मिल सकती है। वहीं, गिरिबाला के घर में लगे CCTV सिस्टम के DVR से निकाला गया डेटा केंद्रीय फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (CFSL), नई दिल्ली भेजा गया है। इसका उद्देश्य रिकॉर्डिंग की निरंतरता और प्रमाणिकता की जांच करना है। यदि रिकॉर्ड किए गए डेटा में किसी तरह का बदलाव या छेड़छाड़ सामने आती है, तो उस पहलू की भी आगे जांच की जाएगी। फिलहाल फुटेज से छेड़छाड़ की पुष्टि नहीं हुई है। 2 जून से जेल में बंद हैं पूर्व जज गिरिबाला सिंह गिरिबाला सिंह 2 जून 2026 से जेल में हैं। उन्होंने BNSS की धारा 483 के तहत नियमित जमानत मांगी थी। CBI ने ट्विशा की मौत के मामले में BNS की धाराओं 80(2), 85, 108 और 3(5) के साथ दहेज प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3/4 के तहत अपराध दर्ज किया है। हाईकोर्ट ने जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान ट्विशा के परिजनों से हुई बातचीत, CCTV फुटेज, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और घटना के बाद के कथित आचरण सहित केस डायरी में दर्ज सामग्री पर विचार किया। अदालत ने कहा कि मामले की जांच अभी जारी है और महत्वपूर्ण फॉरेंसिक व डिजिटल रिपोर्ट मिलना बाकी है। इसी आधार पर फिलहाल गिरिबाला को नियमित जमानत देने से इनकार कर दिया गया।
Source link
ट्विशा डेथ केस में सास गिरिबाला की जमानत खारिज: घटना के बाद प्रभावशाली लोगों से संपर्क की जांच करेगी CBI; iPhone-DVR रिपोर्ट का इंतजार – Bhopal News
RELATED ARTICLES

